जयपुर

Kanwar Yatra-2026 : राजस्थान पुलिस अलर्ट, प्रदेश से हरिद्वार जाने-आने वाले कांवड़ यात्रियों के लिए गाइडलाइन जारी

Kanwar Yatra-2026 : राजस्थान से हरिद्वार जाने और आने वाले कांवड़ यात्रियों के लिए राजस्थान पुलिस ने विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं। जानें क्या करना है और क्या नहीं करना हैं। पढ़ें जरूर।
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Rajasthan to Haridwar Kanwar pilgrims travelling Police issued guidelines
Kanwar Yatra-2026 : प्रतीकात्मक File Photo IANS

Kanwar Yatra-2026 : राजस्थान से हरिद्वार जाने और आने वाले कांवड़ यात्रियों के लिए राजस्थान पुलिस ने विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं। महानिदेशक पुलिस राजस्थान राजीव कुमार शर्मा के निर्देशानुसार अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस कानून एवं व्यवस्था वी.के. सिंह ने सभी संबंधित जिला पुलिस अधिकारियों को हरिद्वार कांवड़ यात्रा के दौरान आपसी समन्वय, सतर्कता और प्रभावी पुलिस प्रबंधन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। एडीजी वी.के. सिंह ने बताया कि हरिद्वार से गंगाजल लेकर राजस्थान सहित विभिन्न राज्यों के श्रद्धालु 30 जुलाई से 11 अगस्त 2026 तक अपने गंतव्य की ओर प्रस्थान करेंगे। राजस्थान से भी कांवड़ियों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए राजस्थान पुलिस को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।

क्या करें (पालन योग्य नियम):

1- कांवड़ यात्री यात्रा के दौरान अपना मूल व वैध पहचान पत्र (जैसे आधार कार्ड, वोटर आईडी आदि) अनिवार्य रूप से अपने साथ रखें।
2- यात्रा के लिए केवल निर्धारित पारंपरिक कांवड़ मार्गों एवं वैकल्पिक नहर पटरी मार्गों का ही प्रयोग करें।
3- किसी भी संदिग्ध गतिविधि, लावारिस वस्तु या आपात स्थिति की सूचना तत्काल नजदीकी पुलिस स्टेशन या हेल्पलाइन पर दें।
4- सुरक्षा परिदृश्य एवं संवेदनशील स्थलों पर पुलिस प्रशासन द्वारा की जा रही एंटी-सबोटाज एवं चेकिंग कार्रवाई में पूर्ण सहयोग करें।
5- व्यापारियों, स्थानीय नागरिकों व अन्य यात्रियों के साथ सौहार्दपूर्ण व्यवहार बनाए रखें।

क्या न करें (प्रतिबंधित गतिविधियां):

1- कांवड़ यात्रा के दौरान हॉकी, डंडे, त्रिशूल, बेसबॉल बैट या किसी भी प्रकार का हथियार या नुकीली वस्तुओं को साथ ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित है।
2- यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार के नशीले पदार्थों या शराब का सेवन सख्त वर्जित है।
3- नवनिर्मित दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे पर कांवड़ियों का पैदल अथवा वाहनों द्वारा आवागमन पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
4- मालवाहक वाहनों (ट्रक, ट्रैक्टर-ट्रॉली) में यात्री परिवहन पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा तथा निर्धारित डेसीबल सीमा से अधिक तेज आवाज वाले डीजे सिस्टम या धार्मिक उन्माद फैलाने वाले गानों/नारों पर पूर्ण रोक रहेगी।
5- खाना बनाने के लिए वाहनों में एलपीजी सिलेंडर आदि ले जाना प्रतिबंधित है, जिससे आगजनी या दुर्घटना का खतरा रहता है।
6- रेलगाड़ियों या वाहनों (बस, ट्रक आदि) की छतों पर बैठकर यात्रा करना पूर्णतः वर्जित एवं दंडनीय है।
7- राष्ट्रीय राजमार्गों व सड़कों पर यातायात बाधित करने वाली मानक से अधिक बड़े आकार की कांवड़ या झांकियां न निकालें।

फील्ड में तैनात पुलिस अधिकारियों व कार्मिकों के लिए विस्तृत निर्देश

राजस्थान के एडीजी कानून एवं व्यवस्था वी.के. सिंह ने सभी पुलिस अधीक्षकों व उपायुक्तों को फील्ड प्रबंधन के लिए कड़े निर्देश दिए हैं:-

1- 10 मिनट का रिस्पॉन्स टाइम : वाहन टकराने, पार्किंग या मामूली विवाद की सूचना पर निकटतम पुलिस टीम 10 मिनट के भीतर मौके पर पहुंचेगी ताकि छोटे विवाद बड़ा रूप न ले सकें।
2- 24x7 सोशल मीडिया मॉनिटरिंग: फर्जी/पुराने वीडियो व अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी। किसी भी भ्रामक खबर का जिला पुलिस के आधिकारिक हैंडल से 1 घंटे के भीतर खंडन जारी किया जाएगा।
3- 48 घंटे पूर्व रूट डायवर्जन प्लान: यातायात में किसी भी प्रकार का अघोषित डायवर्जन नहीं होगा। रूट प्लान 48 घंटे पूर्व मीडिया व सोशल मीडिया पर प्रचारित किया जाएगा तथा एम्बुलेंस व आपात सेवाओं के लिए 'एम्बुलेंस कॉरिडोर' सुरक्षित रहेगा।
4- डी.जे. साउंड स्क्रिनिंग व परमिशन: डीजे की अनुमति से पूर्व ऑडियो की स्क्रीनिंग होगी। बिना अनुमति या तेज आवाज वाले डीजे तुरंत जब्त किए जाएंगे।
5- मिश्रित व संवेदनशील क्षेत्रों में कांवड़ गुजरने के दौरान छतों पर पुलिस बल तैनात रहेगा व वीडियोग्राफी कराई जाएगी। इसके अलावा सीएलजी व शांति समितियों की बैठकें आयोजित की जाएंगी।
6- सेवा शिविरों का प्रबंधन : सामाजिक संगठनों द्वारा लगाए जाने वाले सेवा टेंट मुख्य सड़क मार्ग से पर्याप्त दूरी पर स्थापित होंगे ताकि यातायात बाधित न हो। महिला कांवड़ियों की सुरक्षा के लिए महिला पुलिसकर्मी तैनात रहेंगी।

कांवड़ मार्गों तथा संवेदनशील स्थलों पर चेकिंग और प्रभावी नाकाबंदी

इसके अतिरिक्त कांवड़ मार्गों तथा संवेदनशील स्थलों पर सघन एंटी-सबोटाज चेकिंग और प्रभावी नाकाबंदी, पड़ोसी राज्यों की पुलिस के साथ निरंतर सूचनाओं का आदान-प्रदान बनाए रखने, श्रद्धालुओं के साथ संवेदनशीलता व सेवा भाव से व्यवहार करने, शुरुआती प्वाइंट्स पर ही प्रभावी चेकिंग व समझाइश की कार्रवाई करने के साथ ही कांवड़ियों का व्यापारियों एवं स्थानीय नागरिकों से विवाद की स्थिति में पुलिसकर्मी स्थानीय स्तर पर तत्काल निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए है।

Updated on:
30 Jul 2026 10:28 pm
Published on:
30 Jul 2026 10:28 pm