जयपुर

उदयपुर, कोटा, बांसवाड़ा और टोंक में सी-प्लेन, हवाई सेवा से जुड़ेंगे ये पर्यटन स्थल; सरकार ने केन्द्र को भेजा प्रस्ताव

राज्य सरकार ने महत्वपूर्ण पर्यटन स्थलों को आरसीएस (क्षेत्रीय संपर्क योजना) में शामिल करने का प्रस्ताव केन्द्र सरकार को भेजा है।
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Jul 08, 2025
sea planes and air services
Photo- ANI

राजस्थान के कई शहरों में हेलिकॉप्टर पर्यटन, जॉय राइड व सी प्लेन की संभावनाएं हैं। राज्य सरकार ने माउंट आबू, सीकर, सवाई माधोपुर, भीलवाड़ा और श्रीगंगानगर जैसे महत्वपूर्ण स्थलों को भी आरसीएस (क्षेत्रीय संपर्क योजना) में शामिल करने का प्रस्ताव केन्द्र सरकार को भेजा है। इससे पर्यटन और रोजगार के नए द्वार खुलेंगे।

नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री गौतम कुमार दक ने बताया कि देहरादून में उत्तरी क्षेत्र नागरिक उड्डयन मंत्रियों के सम्मेलन में चर्चा की गई। भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण को कोटा ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के निर्माण तथा किशनगढ़ हवाई अड्डे के विकास एवं विस्तार के लिए निशुल्क भूमि उपलब्ध करवाई गई है। साथ ही उदयपुर हवाई अड्डे के विकास एवं विस्तार तथा उत्तरलाई (बाड़मेर) में सिविल एन्क्लेव के निर्माण के लिए भी निशुल्क भूमि आवंटन प्रक्रियाधीन है।

यहां सी-प्लेन की संभावनाएं

राज्य के उदयपुर, कोटा (चम्बल), बांसवाड़ा, टोंक (बीसलपुर) आदि जगहों पर सी-प्लेन सेवाओं के लिए संभावनाए हैं।

नियमित उड़ानों का आग्रह

बीकानेर, जोधपुर और किशनगढ़ से मुम्बई, कोलकाता, सूरत और बेंगलूरु जैसे महानगरों के लिए नियमित उड़ानें शुरु किए जाने का भी केन्द्र सरकार से आग्रह किया गया है।

राज्य में सरकार की 19 हवाई पट्टियां हैं, जिनकी लम्बाई 3,300 फीट से लेकर 9,800 फीट तक है। इन हवाई पट्टियों को विभिन्न प्रकार की गतिविधियों जैसे फ्लाइंग ट्रेनिंग ऑर्गेनाइजेशन, एयरस्पोर्ट्स एवं एमआरओ संचालन आदि के लिए उपलब्ध करवाया जा रहा है। राज्य में लगभग 118 हेलिपेड हैं। इनका उपयोग आपात चिकित्सा सेवा के अलावा हेलिकॉप्टर पर्यटन, धार्मिक यात्रा, जॉय राइड जैसी सेवाओं के लिए प्रस्तावित किया गया है।

Published on:
08 Jul 2025 08:21 am