राजस्थान यूनिवर्सिटी में सोमवार को हिंदी विभाग के शोध छात्रों ने पीएचडी रजिस्ट्रेशन नहीं होने के विरोध में कुलपति सचिवालय में हंगामा किया।
जयपुर। राजस्थान यूनिवर्सिटी में सोमवार को हिंदी विभाग के शोध छात्रों ने पीएचडी रजिस्ट्रेशन नहीं होने के विरोध में कुलपति सचिवालय में हंगामा किया। सुनवाई नहीं होने से नाराज छात्रों ने एनएसयूआई के छात्रनेता महेश चौधरी के नेतृत्व में प्रदर्शन किया और कुलपति सचिवालय के गेट पर धरने पर बैठ गए।
छात्र अंदर न आ सके, इसके चलते सचिवालय का गेट अंदर से बंद कर लिया गया। वहीं, छात्रों ने कुलपति सचिवालय के पीछे के गेट पर ताला लगा दिया। पीछे के गेट पर ताला लगने के कारण कुलपति प्रो. राजीव जैन मुख्य गेट से निकलने लगे तो छात्रों ने उनका रास्ता रोक लिया और विरोध करने लगे। छात्रों की मांग थी कि जब तक समाधान नहीं होगा वे किसी को बाहर नहीं निकलने देंगे।
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छात्रों का विरोध देख कुलपति चैंबर में लौट गए और पांच छात्रों के प्रतिनिधिमंडल को वार्ता के लिए बुलाया। वार्ता के बाद कुलपति ने आदेश दिए कि शोध समिति की बैठक वापस कर पुरानी बैठक के निर्णय का अनुमोदन किया जाए। इसके बाद छात्रों ने धरना खत्म किया।
क्या है मामला
हिंदी विभाग में एक साल से पीएचडी कर रहे शोधार्थियों के रजिस्ट्रेशन नहीं हुए हैं। हिंदी विभागीय शोध समिति में कोरम पूरा नहीं होने के कारण शोधार्थियों के रजिस्ट्रेशन अटके हैं। छह सदस्यीय समिति में आधे सदस्यों को आपत्ति है कि वरिष्ठता के आधार पर गाइड तय किए जाएं। जबकि अन्य सदस्यों का तर्क है कि गाइड और शोधार्थियों के आधार पर डीआरसी आवंटित की जाए। विभागाध्यक्ष उर्वशी शर्मा ने बताया कि कुलपति ने आदेश दिए हैं कि विभागीय शोध समिति की बैठक बुलाई जाए। बैठक में छात्रों की समस्या का समाधान किया जाएगा।