
Urea News: राजस्थान के किसानों के लिए एक बड़ी राहत की खबर सामने आई है। राज्य सरकार के आग्रह पर, केंद्र ने दिसंबर के पहले सप्ताह में यूरिया उर्वरक की आपूर्ति बढ़ा दी है, जिससे रबी की फसलों के लिए महत्वपूर्ण समय पर किसानों की जरूरतें पूरी की जा सकें। कृषि विभाग के अनुसार, राज्य में दिसंबर के प्रथम सप्ताह के लिए 40 रैक यूरिया की आपूर्ति हेतु केंद्र सरकार से विशेष आग्रह किया गया था।
सरकार के प्रयासों का सकारात्मक परिणाम देखने को मिला है। दिसंबर की शुरुआत यानी 1 और 2 दिसंबर को ही राज्य को 30,256 मीट्रिक टन (MT) यूरिया की आपूर्ति हो चुकी है। यह आपूर्ति राज्य के विभिन्न हिस्सों में वितरण के लिए भेजी गई है, ताकि किसान अपनी गेहूँ, सरसों और अन्य रबी फसलों को समय पर खाद दे सकें।
किसानों के लिए यूरिया की उपलब्धता इस समय इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि रबी की फसलों की बुवाई के बाद पहली सिंचाई के साथ यूरिया का छिड़काव किया जाता है, जो फसल के समुचित विकास और अधिक पैदावार के लिए अनिवार्य है। समय पर यूरिया न मिलने से फसल की गुणवत्ता और पैदावार दोनों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है।
वर्तमान में आपूर्ति शृंखला मजबूत बनी हुई है। कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि 1 और 2 दिसंबर की आपूर्ति के अलावा, 13 रैक यूरिया इस समय परिवहन में हैं। यह 13 रैक अगले 2 से 3 दिनों के भीतर राज्य में पहुँच जाएँगे, जिससे किसानों को 34,000 मीट्रिक टन यूरिया की अतिरिक्त आपूर्ति मिलेगी। वजन की बात अगर किलो में की जाए तो यह वजन करीब 6.4 करोड़ किलो बैठता है।
इस तरह, दिसंबर के पहले सप्ताह में कुल मिलाकर 64 हज़ार मीट्रिक टन से अधिक यूरिया की आपूर्ति सुनिश्चित हो जाएगी। यह मात्रा किसानों की तात्कालिक मांग को पूरा करने में सहायक होगी और रबी फसलों के लिए उर्वरक संकट को दूर करेगी।
राज्य सरकार ने इस पूरी प्रक्रिया पर कड़ी निगरानी रखी है ताकि यूरिया का वितरण सुचारू रूप से और कालाबाजारी मुक्त हो। सरकार का यह त्वरित और प्रभावी कदम 'आपणो अग्रणी राजस्थान' के कृषि विकास के संकल्प को दर्शाता है, जहाँ किसानों के हितों को प्राथमिकता दी गई है।