
जयपुर. मेयर चुनाव को लेकर राजस्थान में सिसयत गरमाई हुई है। इसी दौरान भाजपा नेता राजेंद्र राठौड़ ने कांग्रेस पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि बीजेपी ऐतेहासिक जीत की तरफ आगे बढ़ रही है। निकाय चुनावों में पार्टी ने 30 से ज्यादा निकायों में निर्विरोध जीत हासिल की है। आगे उन्होंने कांग्रेस की बीजेपी से तुलना करते हुए दावा किया कि कांग्रेस टुकड़ों में बंट चुकी है और उसके अपने ही पार्षद भाजपा में शामिल होना चाहते हैं। आगे उन्होंने कहा कि कांग्रेस के किसी नेता को चुनाव प्रचार करते हुए नहीं देखा।
भाजपा नेता राजेंद्र राठौड़ ने कांग्रेस के चुने हुए पार्षदों को लेकर बड़ा दावा करते हुए कहा कि कांग्रेस के कई पार्षद भाजपा में आने के लिए उनसे संपर्क कर चुके हैं और लगातार पार्टी का दरवाजा खटखटा रहे हैं। लेकिन पार्टी उनके गुण-अवगुण और राजनीतिक छवि को देखकर ही फैसला लेगी। साथ ही उन्होंने कहा कि कांग्रेस का कोई भी बड़ा नेता चुनाव में सक्रिय नहीं था। पूरे चुनाव के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और सचिन पायलट को किसी ने चुनाव प्रचार करते नहीं देखा होगा। उसके बाद उन्होंने कहा कि टुकड़ों में बंटी कांग्रेस बयानवीरों की कांग्रेस बन गई है।
आगे कांग्रेस की ओर से भाजपा में क्रॉस वोटिंग की आशंका जताए जाने के लेकर राठौड़ ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि दलबदल की राजनीति को बढ़ावा देने का इतिहास कांग्रेस का रहा है। साथ ही राठौड़ ने यह भी आरोप लगाया कि राजस्थान में पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के कार्यकाल में भी 'एलिफेंट ट्रेडिंग' हुई थी। उन्होंने कांग्रेस के क्रॉस वोटिंग के दावे को खारिज करते हुए कहा कि भाजपा का कार्यकर्ता अपनी पार्टी से दूर नहीं जा सकता। उनका कहना था कि कांग्रेस की ओर से लगाए जा रहे ये दावे बेबुनियाद हैं।
पार्षदों को धमकाने और दबाव बनाने के कांग्रेस के आरोपों पर भी राठौड़ ने सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को इस तरह के आरोप लगाने से पहले अपना कार्यकाल याद करना चाहिए। राठौड़ के अनुसार, कांग्रेस सरकार के समय उसके मंत्री और विधायक खुद बाड़ेबंदी में रहे और विधायकों को पुलिस के पहरे में रखा गया था।