Traffic Management in Jaipur City: अब जयपुर को मिलेगी सिग्नल फ्री ट्रैफिक की सौगात, साथ ही इन 10 बड़े फैसलों से सुधरेगा शहर का ट्रैफिक। महल रोड, सीकर रोड और न्यू सांगानेर रोड पर डबल यू-टर्न से जाम से मिलेगी राहत।
Signal Free Traffic in Jaipur: जयपुर. राजधानी जयपुर में बढ़ते ट्रैफिक दबाव को कम करने और आमजन को जाम से राहत दिलाने के लिए राज्य सरकार ने सिग्नल फ्री ट्रैफिक सिस्टम की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि महल रोड, सीकर रोड और न्यू सांगानेर रोड को प्राथमिकता के आधार पर सिग्नल फ्री बनाया जाए। इसके लिए इन मार्गों पर डबल यू-टर्न की कार्ययोजना को शीघ्र लागू करने के निर्देश दिए गए हैं।
सरकार का फोकस अब पारंपरिक सिग्नल आधारित ट्रैफिक व्यवस्था से हटकर स्मार्ट और निर्बाध यातायात प्रणाली विकसित करने पर है। डबल यू-टर्न और फ्री लेफ्ट टर्न जैसी व्यवस्थाएं लागू होने से वाहनों को बार-बार रुकना नहीं पड़ेगा, जिससे समय और ईंधन दोनों की बचत होगी। इससे प्रदूषण में भी कमी आने की संभावना है।
मुख्यमंत्री ने जयपुर शहर के ट्रैफिक के रीयल टाइम मैनेजमेंट के लिए एक अत्याधुनिक इंटीग्रेटेड कमाण्ड सेंटर स्थापित करने के निर्देश दिए हैं। यह सेंटर जेडीए, यातायात पुलिस, परिवहन विभाग और नगर निगम के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करेगा। साथ ही, शहर के प्रमुख मार्गों और चौराहों की निगरानी कर ट्रैफिक को तुरंत नियंत्रित किया जा सकेगा।
उन्होंने प्रगतिरत आरओबी और एलिवेटेड रोड परियोजनाओं—जैसे गोपालपुरा और सांगानेर एलिवेटेड रोड—को तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही जेएलएन मार्ग पर भी प्रभावी ट्रैफिक मैनेजमेंट प्लान तैयार करने को कहा गया है।
| थीम | निर्णय |
|---|---|
| सिग्नल फ्री सिस्टम | महल रोड, सीकर रोड, न्यू सांगानेर रोड को सिग्नल फ्री बनाना |
| ट्रैफिक फ्लो सुधार | डबल यू-टर्न व्यवस्था लागू करना |
| त्वरित संचालन | प्रमुख चौराहों पर फ्री लेफ्ट टर्न विकसित करना |
| स्मार्ट मॉनिटरिंग | इंटीग्रेटेड कमाण्ड सेंटर की स्थापना |
| इंफ्रास्ट्रक्चर विकास | आरओबी और एलिवेटेड रोड निर्माण को गति देना |
| जाम नियंत्रण | अनियमित मीडियन ओपनिंग बंद करना |
| सुरक्षित आवागमन | लेन निर्धारण और गोलचक्कर निर्माण |
| पैदल सुरक्षा | नियंत्रित क्रॉसिंग और जेबरा क्रॉसिंग व्यवस्था |
| पार्किंग प्रबंधन | पार्किंग स्थलों का नियमानुसार संचालन |
| जवाबदेही | लापरवाही पर अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई |
मुख्यमंत्री ने अनियमित मीडियन ओपनिंग को बंद करने और निर्धारित स्थानों पर ही यू-टर्न विकसित करने के निर्देश दिए हैं, ताकि ट्रैफिक फ्लो सुचारू बना रहे। साथ ही, प्रमुख चौराहों पर लेन निर्धारण, गोलचक्कर निर्माण और पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित क्रॉसिंग व्यवस्था विकसित करने पर भी जोर दिया गया है।
उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि शहर में पार्किंग व्यवस्था सुव्यवस्थित और नियमों के अनुसार संचालित हो, ताकि सड़क पर अनावश्यक दबाव कम हो सके। साथ ही, यातायात नियमों के प्रति आमजन को जागरूक करने के लिए विशेष अभियान चलाने की बात भी कही गई है।
कुल मिलाकर, जयपुर को सिग्नल फ्री और स्मार्ट ट्रैफिक सिस्टम की ओर ले जाने की यह पहल शहर की यातायात व्यवस्था में बड़ा बदलाव लाने वाली साबित हो सकती है।