जयपुर

SMS अस्पताल अग्निकांड: परिजनों-प्रशासन में 7 घंटे बाद बनी सहमति; रात में CM भजनलाल शर्मा ने की मुआवजे की घोषणा

SMS Hospital Fire Tragedy: जयपुर के SMS अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर में रविवार देर रात न्यूरो आईसीयू वार्ड के स्टोर में भीषण आग लगने से 8 मरीजों की मौत हो गई, जिनमें 3 महिलाएं शामिल थीं।
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Oct 06, 2025
bhajanlal sharma
फोटो- पत्रिका नेटवर्क

SMS Hospital Fire Tragedy: जयपुर के SMS अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर में रविवार देर रात न्यूरो आईसीयू वार्ड के स्टोर में भीषण आग लगने से 8 मरीजों की मौत हो गई, जिनमें 3 महिलाएं शामिल थीं। इस हादसे ने पूरे शहर को झकझोर दिया।

प्रारंभिक जांच में आग का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। हादसे के बाद परिजनों और प्रशासन के बीच 7 घंटे की लंबी बातचीत के बाद सहमति बनी। गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म ने हरसंभव मदद का आश्वासन दिया था, हालांकि उस दौरान मुआवजे की राशि की घोषणा नहीं की गई थी। वहीं सोमवार रात मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सभी मृतकों के परिजनों को 10-10 लाख की आर्थिक सहायता प्रदान करने के निर्देश जारी किए गए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार शोकाकुल परिवारों के साथ खड़ी है।

मृतकों के शव परिजनों को सौंपे

ट्रॉमा सेंटर के न्यूरो आईसीयू वार्ड के स्टोर में आग लगी, जहां पेपर, आईसीयू उपकरण और ब्लड सैंपलर ट्यूब रखे थे। हादसे के समय आईसीयू में 11 मरीज थे, जबकि पास के दूसरे आईसीयू में 13 मरीज भर्ती थे। ट्रॉमा सेंटर के नोडल ऑफिसर और वरिष्ठ डॉक्टर ने बताया कि शॉर्ट सर्किट के कारण आग लगने की आशंका है। मृतकों के शव पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंपे जा रहे हैं।

यहां देखें वीडियो-


6 सदस्यीय कमेटी का गठन

हादसे की जांच के लिए सरकार ने 6 सदस्यीय कमेटी का गठन किया है। FSL की टीम ने मौके से सबूत इकट्ठे किए। स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर हादसे के 18 घंटे बाद SMS अस्पताल पहुंचे और ट्रॉमा सेंटर का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि कमेटी का गठन हो चुका है, हम निष्पक्ष जांच करेंगे।

इससे पहले उप मुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा और गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म ने भी अस्पताल पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। दोनों ने जिला कलेक्टर और अस्पताल प्रशासन के साथ बैठक कर राहत और बचाव कार्यों की जानकारी ली।

परिजनों की मांग और सहमति

मृतकों के परिजनों ने अस्पताल के बाहर धरना दिया था और प्रत्येक मृतक के लिए 50 लाख रुपये मुआवजे और सरकारी नौकरी की मांग की थी। बातचीत के बाद गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म, उप मुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा, पुलिस कमिश्नर बीजू जॉर्ज जोसफ और जिला कलेक्टर जितेंद्र सोनी ने परिजनों को आश्वासन दिया था कि सरकार हरसंभव मदद करेगी।

Updated on:
06 Oct 2025 09:40 pm
Published on:
06 Oct 2025 05:35 pm