
जयपुर. स्वच्छता में जयपुर का स्तर सुधारने के लिए स्थानीय निगम प्रसाशन की ओर से पूरे शहर में स्वच्छता अभियान चलाया गया। जिसके चलते सोडाला और इसके आस-पास के इलाकों में नॉन वेंडिंग इलाको को छोड़कर अन्य जगहों में थड़ी ठेला लगाने वालों को परेशानी मान स्वच्छ भारत अभियान के नाम पर या तो हटा दिया गया। जिसके बाद निगम प्रशासन ए जोन आयुक्त व पुलिस प्रशासन की ओर से थड़ी-ठेला और फुटपाथ पर सामान बेच जीविका चलाने वालों का आए दिन सामान जब्त कर मनमानी राशि वसूलने के विरोध में निगम मुख्यालय पर धरने और प्रदर्शन किए जा रहे हैं। इस सन्दर्भ में महापौर अशोक लाहोटी को मांगे पूरी करने के लिए ज्ञापन भी दिया गया था। इसके बाद भी ठेला व्यवसायी परेशानियों से जूझ रहे हैं।
समाजिक न्याय मंत्री से भी लगा चुके हैं गुहार
सामजिक न्याय अधिकारिता मंत्री अरुण चतुर्वेदी से मिलकर भी ये मांगे रखी गई, कि पुराने फुटपाथ व्यवसाइयों का सर्वे कर नए वेंडर जोन नहीं बनने तक पुराने स्थल पर ही काम करने दिया जाए। जिनका रजिस्ट्रेशन कर हर वर्ष उनसे राजस्व लिया जाए। टाउन वेंडिंग कमेटी की ओर से फुटपाथ पर व्यवसाय करने वालों का सर्वे किया जाए।
ये है मांग
- जब तक फुटपाथ व्यवसाइयों का सर्वे कर वेण्डर जोन नहीं बन जाते तब तक उन्हें नहीं हटाया जाए। पुराने व्यवसाइयों की साल में एक बार रसीद काटी जाए।
- जोन आयुक्त की ओर से जिन फुटपाथ व्यवसाइयों के सामान की तोड-फोड़ की गई है, उनको मुआवजा दिलाया जाए। शहर में जहां भी 50 वर्ष से अधिक समय से फुटपाथ व्यवसाई रोजगार कर रहे हो उन्हें विरासत का रूप दे लाईसेंस दिए जाएं।
अब तक घोषित किए गए स्थाई वेंडिंग जोन बनाए जाए और उनमें पुराने व्यवसाईयों को लाईसेंस जारी किए जाए। सभी जोन उपायुक्त, सतर्कता शाखा, पुलिस प्रशासन को आदेश कर फुटपाथ व्यवसाईयों का सर्वे नहीं हो जाता तब तक इन्हें नीयत कार्यस्थल पर ही रोजगार करने दिया जाए।
वेंडर एक्ट 2014 पर हो अमल
हैरिटेज सिटी थड़ी-ठेला यूनियन ने अपनी मांगों को लेकर मंत्री अरुण चतुर्वेदी को ज्ञापन सौंपा। बनवारी लाल शर्मा ने बताया कि फुटपाथ व्यवसाइयों के लिए केंद्र सरकार की ओर से स्टेट वेंडर एक्ट 2014 बनाया गया है, जिस पर अमल नहीं किया जा रहा है।
अध्यक्ष थड़ी ठेला यूनियन संघर्ष समिति नाथूसिंह राठौड़ ने कहा की महापौर ने मांगे पूरी करने का आश्वाशन दिया था, लेकिन आज भी थड़ी-ठेला व्यवसाई अपनी परेशानियों से जूझ रहे हैं और सरकार में सुनवाई नहीं हो रही है। ऐसे में हम आंदोलन करने पर मजबूर हैं।
सदस्य थड़ी ठेला यूनियन संघर्ष समिति संजय गर्ग ने बताया की निगम प्रशासन ने जोन आयुक्त को मौखिक आदेश जारी कर स्वच्छता अभियान के नाम पर थड़ी ठेले वालों का सामान जब्त कर, तोड़-फोड़ करने और पुलिस प्रशासन उनके साथ दमनात्मक कार्रवाई कर रही है।