सलमान की मुसीबतें वापिस बढ़ सकतीं हैं।
जयपुर ।
काला हिरण शिकार प्रकरण में आज शनिवार को जोधपुर की सेंट्रल जेल में बंद सलमान को आज जमानत मिल गई है। सलमान खान काे जमानत के लिए 50000 रुपए का मुचलका भरना पड़ेगा। आज सलमान को सेशन कोर्ट से जमानत मिली है। जोधपुर में न्यायाधीश रविन्द्र कुमार जोशी ने जमानती फैसलें के साथ सलमान के भारत से बहार जाने पर भी रोक है। सलमान को विदेश जाने से पहले कोर्ट से इजाजत लेनी होगी उस के बाद ही वे भारत छोड़ सकते हैं।
दो रातें जोधपुर सेंट्रल जेल में काटने के बाद सलमान को जोधपुर सेशन कोर्ट ने जमानत दे दी है। दो दिन के बाद सलमान के लिए ये राहत की ख़बर है। कोर्ट जैसे ही जेल प्रशासन को आर्डर देगा वैसे ही सलमान खान तुरंत जेल से रिहा कर दिए जाएंगे। कोर्ट ने फैसलें में ये भी कहा है कि सलमान खान को सात मई को वापिस कोर्ट में आना होगा। सूत्रों के मुताबिक़ बताया जा रहा है कि सलमान शाम को 7 बजे तक जोधपुर सेंट्रल जेल से कोर्ट के आदेश के बाद जेल से रिहा हो जाएंगे। सलमान खान को जमानत के लिए 25 - 25 हज़ार निजी मुचलके भरने होंगे, उन्हें जमानत भी इन्हीं मुचलकों पर मिली है।
सलमान की मुश्किलें नहीं हुई कम
सलमान को जोधपुर सेशन कोर्ट से जमानत मिलने के फ़ैसले से बिश्नाई समाज में गहरी निराशा है। विश्नोई समाज सलमान को वापिस जेल भिजवाने की तैयारियों में लगा है। बिश्नाई समाज अब सलमान के खिलाफ हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाने की तैयारियों में है। बिश्नाई समाज सेशन कोर्ट के जमानत के फैसले के बाद अब सलमान के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील करेगा। इससे सलमान की मुसीबतें वापिस बढ़ सकतीं हैं।
न्यायिक अधिकारियों के हुए तबादले
जिला एवं सेशन न्यायालय के जज रविंद्र कुमार जोशी ने सुनवाई टाल कर सुनवाई शनिवार को करने का फैसला किया। इस बीच रात 11 बजे 121 न्यायिक अधिकारियों के तबादले किए गए। इनमें जोशी का भी तबादला हो गया। अब उनकी जगह चंद्र कुमार सोनगरा लेंगे। उच्च न्यायालय द्वारा शुक्रवार देर रात जारी आदेश के अनुसार मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट जोधपुर के नये पीठासीन अधिकारी समरेंद्रसिंह सिखारवर होंगे। गुरुवार को सलमान खान को पांच साल की सजा देने वाले मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट जोधपुर जिला के पीठासीन अधिकारी देवकुमार खत्री के स्थान पर समरेंद्रसिंह सिखारवर को नये पीठासीन अधिकारी के रूप में नियुक्त किया है। सलमान द्वारा पेश की गई सजा स्थगन की अपील पर असर हो सकता है। हालांकि जमानत याचिका आवश्यक कार्य के अंतर्गत आती है इसलिए शनिवार को वर्तमान जज इसका फैसला कर सकते हैं।