Save Aravalli : सुप्रीम कोर्ट ने अरावली के संबंध में राजस्थान को लेकर उठ रहे सवालों पर गंभीरता दिखाई है। कोर्ट ने सवाल किया कि क्या 12081 में से 1048 पहाड़ियां ही परिभाषा के दायरे में?
Save Aravalli : सुप्रीम कोर्ट ने अरावली के संबंध में राजस्थान को लेकर उठ रहे सवालों पर गंभीरता दिखाई है। कोर्ट ने सवाल किया है कि क्या यह सही है, 100 मीटर से अधिक ऊंचाई वाली भूआकृतियों को ही अरावली मानने से राजस्थान में 12081 में से केवल 1048 पहाडियां ही इस दायरे में आती हैं। कोर्ट इस बात पर विचार करेगा कि यह स्थिति किसी कमजोरी की वजह से है तो क्या इस बिन्दु पर पूरी वैज्ञानिक और जियोलॉजिकल जांच होनी चाहिए।
मुख्य न्यायाधीश (सीजेआइ) सूर्यकांत की अगुवाइ वाली तीन सदस्यीय पीठ की ओर से सोमवार को दिए गए आदेश में प्रमुखता से यह सवाल किया गया है। कोर्ट ने अरावली से जुड़े राजस्थान से संबंधित मुद्दे को लेकर गंभीर चिंता दिखाई।
सुप्रीम कोर्ट ने पहाड़ियों की ऊंचाई के संबंध में कहा कि वैज्ञानिक व जियोलॉजिकल जांच में पहाड़ियों की ऊंचाई की सटीक माप का मुद्दा भी शामिल होगा, जिससे अरावली रेंज की संरचनात्मक और पारिस्थितिक अखंडता को बनाए रखने के लिए आवश्यक मापदंडों का बारीकी से आकलन किया जा सके।
प्रदेश के 41 में से 20 जिले अरावली के दायरे में आते हैं। इन जिलों के 1 लाख 13 हजार 280 वर्ग किमी क्षेत्र में से 39 हजार 825 वर्ग किमी क्षेत्र अरावली के दायरे में है। विवाद उठ रहा है कि 100 मीटर से ऊंचाई वाली पहाड़ियों को ही अरावली के दायरे में रखा गया तो प्रदेश में स्थित अरावली के अधिकांश हिस्से में खनन की छूट मिल जाएगी।