जयपुर

Rajasthan Politics: राजस्थान के 5 दागी नेताओं पर कोर्ट की सुप्रीम सख्ती, कहीं से नहीं मिली राहत

Rajasthan Politics: राजस्थान के दागी नेताओं पर कोर्ट सख्त है, इन नेताओं को हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक कहीं से राहत नहीं मिल रही है। इनमें दो वर्तमान और दो पूर्व विधायक शामिल हैं। वहीं पूर्व मंत्री महेश जोशी का मामला भी इसमें शामिल है।
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Aug 27, 2025
5 tainted leaders of Rajasthan
राजस्थान के इन नेताओं को कोर्ट से नहीं मिली राहत (फोटो-पत्रिका)

जयपुर। पूर्व मंत्री महेश जोशी के खिलाफ दर्ज भ्रष्टाचार के मामले और भीड़ उकसा कर दंगा भड़काने वाले आरएलपी के तत्कालीन दो विधायकों के केस पर मंगलवार को हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक ने सख्ती दिखाई। वहीं, मौजूदा विधायक के पूर्व में मार्कशीट में हेराफेरी कर जिला परिषद चुनाव लड़ने के मामले में हाईकोर्ट ने टिप्पणी की कि अच्छा आचरण या विधायक होने मात्र से सरकार को केस वापस लेने की अनुमति नहीं दे सकते।

हाईकोर्ट ने शुक्रवार को पूर्व मंत्री जोशी की जमानत पर रिहाई से इनकार करते हुए कहा कि मंत्री होने के नाते उनकी जिम्मेदारी ज्यादा थी, वहीं आरएलपी के तत्कालीन दो विधायकों के खिलाफ केस वापस लेने के मामले में लंबित राज्य सरकार की अपील पर सुप्रीम कोर्ट ने पूछा, क्या सरकार अब भी केस वापस लेना चाहती है।

विधायक पटेल के खिलाफ अभियोजन स्वीकृति, चलेगा केस

विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने मंगलवार को भारत आदिवासी पार्टी के बागीदौरा विधायक जयकृष्ण पटेल के खिलाफ भ्रष्टाचार मामले में अभियोजन स्वीकृति दे दी। विधायक पटेल को मई में 20 लाख रुपए रिश्वत लेने के मामले में गिरफ्तार किया गया था। पटेल के साथ चचेरे भाई विजय पटेल उर्फ विक्की को भी गिरफ्तार किया और निजी सचिव रोहित मीणा पैसे वाला बैग लेकर भाग गया था।

जोशी की जमानत याचिका खारिज

हाईकोर्ट ने 900 करोड़ रुपए के जल जीवन मिशन मामले में पूर्व मंत्री महेश जोशी को राहत देने से इनकार करते हुए मंगलवार को जमानत याचिका खारिज कर दी। कोर्ट ने कहा कि मंत्री होने के नाते लोक सेवक के रूप में जोशी की जिम्मेदारी ज्यादा थी और इस मामले में गिरफ्तार लोगों के बयानों में भी उनकी संलिप्तता बताई गई है। न्यायाधीश प्रवीर भटनगार ने जोशी की जमानत याचिका पर मंगलवार को यह फैसला सुनाया।

सहारण मामले में केस वापस नहीं

हाईकोर्ट ने 10वीं कक्षा की मार्कशीट में हेराफेरी कर जिला परिषद सदस्य का चुनाव लड़ने के मामले में विधायक हरलाल सहारण के खिलाफ दर्ज केस वापस लेने का राज्य सरकार का निर्णय रद्द कर दिया। कोर्ट ने इस पर टिप्पणी की कि सार्वजनिक पद और सार्वजनिक धन के दुरुपयोग से जुड़े अपराध में अच्छी छवि या विधानसभा सदस्य होने के आधार पर केस वापस नहीं लिया जा सकता।

पूर्व एमएलए पर केस नहीं चाहते ?

सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश जे.के. माहेश्वरी और न्यायाधीश विजय बिश्नोई की खंडपीठ ने मंगलवार को राज्य सरकार से दो सप्ताह में यह स्पष्ट करने को कहा कि क्या तत्कालीन विधायक पुखराज गर्ग व इंदिरा बावरी के विरुद्ध केस की वापसी के चार साल पुराने मामले में सरकार अब भी सुनवाई चाहती है। अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान 25 अगस्त 2019 को भीड़ ने प्रशासन और पुलिस टीम पर हमला कर दिया था, जिसमें जेसीबी चालक फारूक खान की मौत हो गई। इसमें दोनों तत्कालीन विधायक आरोपी थे।

Published on:
27 Aug 2025 09:03 am