जैसलमेर

राजस्थान का ये कस्बा बना चर्चा का विषय, डेढ़ महीने में ऐसे फंसे SDM, तहसीलदार और BDO

Rajasthan News: राजस्थान के जैसलमेर जिले का फतेहगढ़ उपखंड क्षेत्र इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। क्योंकि अलग-अलग कारणों के चलते यहां अफसरों की कुर्सी खाली हो रही है।
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Apr 11, 2025
SDM-Hanumanaram-BDO-Kailash-Tehsildar-Shivprakash

जैसलमेर। राजस्थान के जैसलमेर जिले का फतेहगढ़ उपखंड क्षेत्र इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। क्योंकि अलग-अलग कारणों के चलते यहां अफसरों की कुर्सी खाली हो रही है। करीब डेढ़ महीने के अंदर ही अलग-अलग मामलों में तीन अफसर फंस चुके है। फतेहगढ़ से अफसरों की इस तरह रवानगी होने से लोगों के बीच खूब चर्चा हो रही है।

पहले फतेहगढ़ के तहसीलदार रिश्वत लेते एसीबी के हत्थे चढ़े थे। इसके बाद बुधवार को फतेहगढ़ के उपखंड अधिकारी को पेपर लीक प्रकरण में एसओजी ने दस्तयाब कर लिया। अब फतेहगढ़ पंचायत समिति के विकास अधिकारी को सरकार ने एपीओ कर दिया है।

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3 मामलों में ऐसे फंसे तीन अफसर

विकास अधिकारी कैलाश कुमार एपीओ: 10 अप्रैल को पंचायत समिति फतेहगढ़ के विकास अधिकारी कैलाश कुमार एपीओ किए जाने के आदेश सामने आए। उन्हें तत्काल प्रभाव से आदेशों की प्रतीक्षा में किया जाकर उनका मुख्यालय पंचायतीराज विभाग, जयपुर किया गया। उन्हें अपनी उपस्थिति आदेशों की प्रतीक्षा में मुख्यालय पंचायती राज विभाग, जयपुर में देने के निर्देश दिए गए हैं।

एसडीएम हनुमानाराम अरेस्ट: गौरतलब है कि एक दिन पहले ही 9 अप्रैल को जयपुर से आई एसओजी की टीम ने फतेहगढ़ एसडीएम हनुमानाराम को दस्तयाब किया और अपने साथ जयपुर ले गई। उन पर डमी अभ्यर्थी के रूप में पेपर देने का आरोप है। लंबी पूछताछ के बाद हनुमानाराम को कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उन्हें एक दिन के रिमांड पर लिया गया है। पूछताछ में सामने आया है कि हनुमानाराम ने डमी अभ्यर्थी के रूप में दो अभ्यर्थियों के लिए एसआई परीक्षा दी थी।

फतेहगढ़ तहसीलदार रिश्वत लेते दबोचा: इससे पहले इसी साल 17 फरवरी को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की जयपुर स्पेशल यूनिट द्वितीय ने जैसलमेर जिले में कार्यरत भणियाणा तहसीलदार सुमित्रा चौधरी के साथ फतेहगढ़ तहसीलदार शिवप्रकाश शर्मा को 15 लाख रुपए की रिश्वत के मामले में पकड़ा था।


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Published on:
11 Apr 2025 02:34 pm