जैसलमेर से अहमदाबाद जा रही एक निजी बस के आगे का टायर फतेहगढ़ से चार किलोमीटर दूर निकल गया। घटना बस के आगे का बेरिंग टूट जाने के कारण हुई। गनीमत रही कि इस दुर्घटना में किसी भी यात्री को कोई चोट नहीं आई।
जैसलमेर से अहमदाबाद जा रही एक निजी बस के आगे का टायर फतेहगढ़ से चार किलोमीटर दूर निकल गया। घटना बस के आगे का बेरिंग टूट जाने के कारण हुई। गनीमत रही कि इस दुर्घटना में किसी भी यात्री को कोई चोट नहीं आई। जानकारी के अनुसार बस का टायर निकलते ही वह सामने से आ रही एक पिक-अप गाड़ी में जा घुसा, जिससे पिक-अप गाड़ी की ड्राइवर साइड क्षतिग्रस्त हो गई।
घटना के समय बस में करीब 28 यात्री सवार थे। अचानक हुए इस घटनाक्रम से बस में बैठे यात्रियों में अफरा-तफरी और घबराहट मच गई, कुछ यात्रियों को तो यह समझ लिया कि बस पलटने वाली है। हालांकि, निजी ट्रेवल्स बस चालक ने तुरंत स्थिति को संभाला। चालक ने बस की रफ्तार कम की और सुरक्षित तरीके से उसे सड़क किनारे रोक दिया। बस के रुकते ही चालक और परिचालक ने सभी यात्रियों को शांत कराया और उन्हें एक-एक कर सुरक्षित बस से नीचे उतारा। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि जिस तरफ बस का टायर निकला था उस ओर सड़क 15 फीट की ऊंचाई पर थी। सौभाग्य से बस सड़क मार्ग से नीचे नहीं उतरी, जिससे गंभीर दुर्घटना होने से बच गई। घटना की सूचना मिलने पर सांगड पुलिस के एएसआइसोभसिंह मय जाब्ता मौके पर पहुंचे। बाद में पीछे से आ रही एक अन्य निजी ट्रेवल्स की बस को रोककर उसमें सभी यात्रियों को उनके गंतव्य की ओर रवाना किया गया। खराब हुई बस और क्षतिग्रस्त पिकअप को सड़क किनारे खड़ा कर दिया गया।
जलदाय विभाग के अधिशासी अभियंता ने शुक्रवार को क्षेत्र में टैंकरों से हो रही पानी की आपूर्ति का निरीक्षण कर जायजा लिया। अधिशासी अभियंता रामनिवास रैगर ने मोडरडी, जैमला, जसवंतपुरा, चौक, केलावा आदि गांवों में जलापूर्ति व्यवस्था का निरीक्षण किया। इसके साथ ही ग्रामीण क्षेत्र में टैंकरों से हो रही आपूर्ति का जायजा लेकर ठेकेदारों को नियमित आपूर्ति और कहीं पर भी समस्या होने पर तत्काल पानी पहुंचाने के निर्देश दिए। इसी तरह उन्होंने सांकड़ा क्षेत्र में खराब पड़े सभी हेण्डपंपों को ठीक करवाने के कार्य का भी जायजा लिया। शुक्रवार को उन्होंने नागणेच्चिया की ढाणी आणेशा में चल रहे हेण्डपंप मरम्मत कार्य का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि गर्मी के मौसम से पूर्व व्यवस्थाओं को दुरुस्त किया जा रहा है, ताकि कहीं पर भी पेयजल संकट की स्थिति नहीं हो। इस दौरान कनिष्ठ अभियंता संजय सोमरा भी उनके साथ रहे।