
Sant Ravidas Express जालंधर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को नवनिर्मित जालंधर कैंट रेलवे स्टेशन से अमृतसर-वाराणसी नई रेल सेवा 'संत रविदास एक्सप्रेस' को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह नयी स्लीपर वंदे भारत सेवा अमृतसर के छेहरटा स्टेशन को सीधे वाराणसी से जोड़ेगी। मोदी ने इस मौके पर जालंधर कैंट रेलवे स्टेशन का जायजा लिया और ट्रेन में सवार यात्रियों से बातचीत की।
यह ट्रेन सप्ताह में तीन दिन बुधवार, शुक्रवार और रविवार को चलेगी। इसके शुरू होने से पंजाब और उत्तर प्रदेश के दो प्रमुख धार्मिक एवं सांस्कृतिक केंद्रों के बीच सीधा रेल संपर्क स्थापित हो गया है। रेल सेवा विशेष रूप से रविदासिया समुदाय की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा करने के उद्देश्य से शुरू की गयी है। इससे श्रद्धालुओं को वाराणसी स्थित सीर गोवर्धनपुर, जो गुरु रविदास जी की जन्मस्थली है, पहुंचने में बड़ी सुविधा मिलेगी। गुरु रविदास के 650वें प्रकाश पर्व से पहले इस रेल सेवा के शुरू होने से देशभर, विशेषकर पंजाब के श्रद्धालुओं को वाराणसी की यात्रा अधिक सुगम और सुविधाजनक होगी।
नई संत रविदास एक्सप्रेस के संचालन से धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलने के साथ-साथ पंजाब और वाराणसी के बीच आवागमन भी अधिक आसान होने की उम्मीद है। रेलवे के अनुसार, ट्रेन संख्या 14624 (छेहरटा-वाराणसी) सप्ताह में तीन दिन बुधवार, शुक्रवार और रविवार को दोपहर 2:05 बजे छेहरटा से चलेगी। वहीं, ट्रेन संख्या 14623 (वाराणसी-छेहरटा) गुरुवार, शनिवार और सोमवार को शाम 7:05 बजे वाराणसी से रवाना होगी। इस तरह यह वंदे भारत एक्सप्रेस दोनों दिशाओं में सप्ताह में कुल छह फेरे लगाएगी।
यह ट्रेन उत्तर प्रदेश, हरियाणा और पंजाब के कई प्रमुख शहरों को जोड़ेगी। रास्ते में इसका ठहराव अमृतसर, जालंधर सिटी, लुधियाना, अंबाला कैंट, सहारनपुर, मुरादाबाद, बरेली, शाहजहांपुर, लखनऊ, सुलतानपुर और जौनपुर सिटी में होगा। रेलवे बोर्ड के मुताबिक, ट्रेन का रखरखाव छेहरटा स्टेशन पर किया जाएगा। समय की बात करें तो छेहरटा से दोपहर 2:05 बजे चलने के बाद ट्रेन 2:25 बजे अमृतसर पहुंचेगी। अगले दिन सुबह 7:30 बजे लखनऊ और दोपहर 12:15 बजे वाराणसी पहुंचेगी। वापसी में यह शाम 7:05 बजे वाराणसी से चलेगी, रात 12:10 बजे लखनऊ, अगले दिन शाम 4:35 बजे अमृतसर और शाम 5:10 बजे छेहरटा पहुंचेगी।