
जांजगीर-चांपा. जिला मुख्यालय जांजगीर की सड़कें तो बदहाल हैं ही, वहीं शहर के भीतरी इलाकों के सड़कों की सालों से मरम्मत नहीं होने के कारण कंडम स्थिति में पहुंच गई है। इसके मरम्मत के लिए पालिका की ओर से पीआईसी और परिषद में तो लगातार निर्णय लिए जा रहे हैं। वहीं कार्ययोजना तैयार नहीं होने के कारण लगातार लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कई स्थानों पर सड़क कंडम होने के कारण लोग खासे परेशान हैं।
शहर की गलियों की बदहाल हो चुकी सड़कों और इन गड्ढों में लोगों ने भवन का मलबा लाकर डाल दिया, लेकिन बारिश होने के बाद स्थिति और खराब हो गई। नगर के कई वार्डों में इस स्थिति के कारण यहां पर रोज हादसे हो रहे हैं, जिनमें लोग घायल भी हो रहे हैं। पालिका अधिकारियों का कहना है कि सड़क के जर्जर होने की जानकारी मिली है, लेकिन इस मार्ग के कई हिस्से अलग-अलग पार्षदों के क्षेत्र में आते हैं, वहीं इंजीनियर की कमी के कारण भी कार्य प्रभावित हैं।
उच्चाधिकारियों द्वारा ध्यान नही दिए जाने के कारण यहां पर सुधार कार्य नहीं हो पा रहे हैं। लोग इसकी शिकायत लगातार पालिका में कर रहे हैं, लेकिन इस ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
ऐसे में वार्डवासियों की समस्याएं जस की तस है। वार्ड में होने वाले सड़क और नाली निर्माण कार्यों के लिए प्रस्ताव नहीं हो पाने के कारण टेंडर प्रक्रिया नहीं हो पा रही है। पूर्व में कुछ निर्माण के लिए इस्टीमेट भी तैयार हो चुके थे, जिसको लेकर टेंडर भी निकाला गया है, लेकिन टेंडर के बाद भी परेशानी दूर नहीं हो रही है। अब तक कार्य शुरू नहीं हो पाया हैए जिससे सड़कें लगातार खराब होती जा रही है और चलना दुश्कर होते जा रहा है।
-कुछ कार्यों के टेंडर निकाले गए हैं। बाकी जगहों पर सुधार के लिए प्रस्ताव तैयार किया गया है। बरसात के बाद कार्य जल्द ही शुरू किया जाएगा- मालतीदेवी रात्रे, अध्यक्ष नपा जांजगीर