झालावाड़

बिहार से नाबालिग लड़कियां लाकर राजस्थान में शादी के लिए बेचने वाली गैंग गिरफ्तार, फर्जी आधार कार्ड भी बनाते थे

Crime News: झालावाड़ पुलिस ने बिहार से नाबालिग लड़कियों को बहला-फुसलाकर राजस्थान लाकर शादी के नाम पर बेचने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का खुलासा किया है। गिरोह फर्जी आधार कार्ड बनाकर लड़कियों को बालिग दिखाता था और पैसे लेकर विवाह करवाता था।
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Jhalawar Accused
आरोपियों की फोटो: पत्रिका

झालावाड़ पुलिस ने बिहार के गरीब और अत्यंत पिछड़े परिवारों की नाबालिग लड़कियों को बहला-फुसलाकर अथवा खरीदकर राजस्थान लाने और फर्जी आधार कार्ड बनवाकर उनका विवाह कराने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का खुलासा किया है। गिरोह ने बिहार की 14 साल की एक नाबालिग बालिका का फर्जी आधार कार्ड बनवाकर उसे बालिग दर्शाया और अकलेरा क्षेत्र में दो लाख रुपए लेकर उसका विवाह करा दिया। कुछ दिन बाद आरोपित बालिका को वापस ले जा रहे थे, तभी पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया। मामले की जांच के बाद पुलिस ने गिरोह के 4 मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें पुलिस रिमांड पर भेजा गया।

पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि 7 जुलाई को मदनपुरिया गांव से सूचना मिली थी कि बिहार से लाई गई 14 साल की नाबालिग बालिका को कुछ लोग जबरन वाहन में बैठाकर ले जा रहे हैं। सूचना पर अकलेरा पुलिस ने पीछा किया लेकिन आरोपी वाहन लेकर रटलाई की ओर भाग निकले। इसके बाद रटलाई थाना पुलिस और ग्रामीणों के सहयोग से सड़क पर ट्रैक्टर-ट्रॉली लगाकर रास्ता अवरुद्ध किया गया। वाहन को रोककर उसमें सवार बिहार निवासी नाबालिग बालिका सहित 6 लोगों को पकड़ा गया। बालिका को संरक्षण के लिए वन स्टॉप सेंटर, झालावाड़ भेजा।

विवाह के बाद पसंद नहीं आती लड़की तो दूसरी जगह करवाते विवाह

पुलिस जांच में सामने आया कि गिरोह बिहार के गरीब और अत्यंत पिछड़े परिवारों की नाबालिग लड़कियों को बहला-फुसलाकर अथवा खरीदकर राजस्थान लाता था। इसके बाद उनके फर्जी दस्तावेज तैयार कर विभिन्न स्थानों पर विवाह कराए जाते थे। पुलिस के अनुसार यदि विवाह के बाद लड़की पसंद नहीं आती थी तो गिरोह के सदस्य उसे वापस ले जाकर दूसरी जगह विवाह करवा देते थे और इसके बदले मोटी रकम वसूलते थे।

जांच में यह भी सामने आया कि इस मामले में आरोपियों ने बालिका के परिजनों को अच्छे परिवार में शादी कराने का झांसा देकर उसे राजस्थान लाया। परिजनों को कोई राशि नहीं दी गई, जबकि अकलेरा क्षेत्र के मदनपुरिया गांव में एक युवक के परिजनों से दो लाख रुपए लेकर बालिका का विवाह करा दिया गया।

मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी धर्माराम के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने बिहार के रोहतास, जयपुर और झालावाड़ में दबिश देकर चारों मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में बिहार के रोहतास निवासी महाराज शाह पुत्र रामनाथ शाह, धर्मेंद्र कुमार पुत्र रामाशंकर, झालावाड़ जिले के दूधियाखेड़ी निवासी चौथमल पुत्र पन्नालाल तथा जयपुर निवासी अजय जांगिड़ पुत्र सेडूराम शामिल हैं। पुलिस ने बताया कि आरोपियों से पूछताछ जारी है। गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों, आर्थिक लेनदेन तथा बालिकाओं की खरीद-फरोख्त से जुड़े अन्य मामलों की गहन जांच की जा रही है।

Updated on:
29 Jul 2026 08:04 am
Published on:
29 Jul 2026 08:04 am