LPG Gas Crisis: गैस सिलेंडर की बुकिंग के बावजूद समय पर आपूर्ति नहीं होने से उपभोक्ताओं को लंबा इंतजार करना पड़ रहा है । इस स्थिति से परेशान लोग अब विकल्प के तौर पर इंडक्शन चूल्हों की ओर रुख कर रहे हैं ।
LPG Gas Crisis: झुंझुनूं जिले में पिछले कुछ दिनों से रसोई गैस की किल्लत ने आमजन की दिनचर्या और बजट दोनों पर असर डाल दिया है । गैस सिलेंडर की बुकिंग के बावजूद समय पर आपूर्ति नहीं होने से उपभोक्ताओं को लंबा इंतजार करना पड़ रहा है । इस स्थिति से परेशान लोग अब विकल्प के तौर पर इंडक्शन चूल्हों की ओर रुख कर रहे हैं ।
गैस संकट के चलते बाजार में इंडक्शन चूल्हों की मांग अचानक बढ़ गई है । मांग में तेजी आने के कारण इनके दाम भी बढ़ गए हैं । पहले जो इंडक्शन चूल्हे करीब 1800 रुपए में उपलब्ध थे, वे अब 2500 रुपए तक बिक रहे हैं । दुकानदारों का कहना है कि अलग-अलग कंपनियों और वेरायटी के अनुसार कीमतों में भिन्नता बनी हुई है ।
गैस संकट का असर यह है कि शहर की कई दुकानों पर इंडक्शन चूल्हों का स्टॉक पूरी तरह खत्म हो गया है । दुकानदारों का कहना है कि थोक बाजार से पर्याप्त चूल्हे नहीं मिल पा रहे हैंं, जिससे ग्राहकों की मांग पूरी करना मुश्किल हो रहा है ।
स्थानीय व्यापारियों के अनुसार सामान्य दिनों में महीने भर में जितनी बिक्री होती थी, उतनी बिक्री अब कुछ ही दिनों में हो गई है । इंडक्शन खरीदने के लिए ग्राहकों की भीड़ लगातार बढ़ रही है, जिससे बाजार में असंतुलन की स्थिति बन गई है ।
बगड़ के व्यापारी जितेंद्र सिंह ने बताया कि कुछ दिन आगे से स्टॉक नहीं आया था, लेकिन अब समय पर माल की आपूर्ति हो रही है, 200 से 250 रुपए तक की बढ़ोत्तरी हुई है । प्रतिदिन के करीब 10 इंडक्शन बिक रहे हैं । झुंझुनूं शहर के व्यापारी देवेंद्र गुप्ता व चंदन गुप्ता के अनुसार पिछले कुछ दिनों में इंडक्शन चूल्हों की बिक्री में जबरदस्त उछाल आया है ।
रसोई गैस संकट ने आम लोगों की चिंता बढ़ा दी है । कई क्षेत्रों में उपभोक्ताओं को समय पर सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है, जिससे उन्हें खाना बनाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कुछ लोग वैकल्पिक साधनों जैसे लकड़ी या कोयले का सहारा लेने को मजबूर हो रहे हैं। शहरों कस्बों में अब गैस की भट्टी की जगह लकड़ी की भट्टी का उपयोग किया जाने लगा है। एक और झटका यह है कि लकड़ी के दाम भी बढ़ गए हैं।