जोधपुर

घायल पुत्र ने मां की मौत की खबर सुन उजागर की थी पिता की साजिश

- कर्जा चुकाने से बचने के लिए पत्नी की हत्या व पुत्र को घायल करने का मामला- खून से लथपथ मां के शव की फोटो देख फूट-फूटकर रोया पुत्र
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Dec 06, 2018
After Mother's died information, injured son tell father's plan
घायल पुत्र ने मां की मौत की खबर सुन उजागर की थी पिता की साजिश


जोधपुर.
करीब पचास लाख रुपए का कर्ज चुकाने से बचने के लिए रची साजिश में पिता के चाकू से किए हमले में घायल पुत्र मां की हत्या से अनजान था। छह दिन तक उसे इसी भ्रम में रखा गया कि पिता के साथ मां भी भर्ती है। यही वजह है कि वह छह दिन तक पिता की साजिश पर पर्दा डाले रहा। दो-तीन दिन पहले घायल पुत्र को मां की हत्या की जानकारी देने के साथ खून से लथपथ मां के शव की तस्वीर भी दिखाई। मां के शव की फोटो देखते ही वह फूट-फूटकर रोने लगा। परिजन की सांत्वना व मां की हत्या से व्यथित पुत्र ने पिता की कारगुजारी उजागर कर दी तो परिजन भी चौंक गए। बाद में पुलिस अधिकारी अस्पताल पहुंचे। पुलिस के बाद मजिस्ट्रेट के समक्ष भी उसके बयान दर्ज कराए गए।
पुलिस ने भांप लिया था हत्यारा घर का ही है
पुलिस उपायुक्त (पूर्व) डॉ. अमनदीपसिंह कपूर ने बताया कि गत २७ नवम्बर को तडक़े घर में घुसकर महिला की हत्या व पिता-पुत्र को घायल करने की वारदात के बाद मौका मुआयना करते ही संदेह गहरा गया था। घायल गजेंद्र के साथ ही घायल पुत्र, बड़े पुत्र व गजेन्द्र के भाई जेठूसिंह के बयानों में विरोधाभासी बातें सामने आने लगी। पड़ोस में रहने वाले सेवानिवृत्त सैन्यकर्मी ने भी कोई हलचल नहीं देखी। जबकि वो सुबह चार बजे उठ जाता है। इससे यह आशंका होने लग गई थी कि हत्यारा कोई बाहरी नहीं, बल्कि घर में ही है।
घर में ही रहती है महिलाएं
खोखरिया पेट्रोल पंप के पीछे संगम विहार निवासी गजेन्द्र व उसके भाइयों के परिवार की महिलाएं बाजार नहीं जाती। गजेन्द्र के पिता ही जरूरत का सभी सामान लाकर देते हैं।
शोरूम में भी गड़बडि़यां की
इलेक्ट्रोनिक शोरूम में मार्केटिंग प्रबंधक गजेन्द्र सिंह कम्पनी के लिए उधार वसूली करता था। उसने कई चेक कम्पनी में जमा कराने की बजाय खुद ने काम लिए थे। इसका पता लगने पर शोरूम संचालक ने कई बार आपत्ति भी जताई थी। तब वह राशि वापस जमा कराने का विश्वास दिला देता था।

Updated on:
06 Dec 2018 12:42 am
Published on:
06 Dec 2018 12:42 am