
जोधपुर।
प्रदेश में अनलॉक 2.0 के पहले ही दिन भाजपा सडक़ों पर उतरी। मुद्दा था जयपुर में महापौर और तीन पार्षदों का निलंबन। अनलॉक में किसी प्रकार के धरनेे-प्रदर्शन की अनुमति नहीं है, लेकिन भाजपा का दावा कि कोरोना गाइडलाइन की पालना करते हुए विरोध जताया।
शहर जिलाध्यक्ष देवेन्द्र जोशी के आह्वान पर मंडल व मोर्चों की ओर से भी प्रदर्शन किए गए। मेडिकल कॉलेज के बाहर स्थित गांधी प्रतिमा स्थल के पास काली पट्टी बांध कर व लोकतंत्र बचाओ की तख्तियां लेकर कांग्रेस सरकार के विरोध में नारेबाजी करते हुए विरोध प्रदर्शन किया। भाजपा महापौर सौम्या गुर्जर पर झूठे आरोप लगाकर उसे हटाने के विरोध में राज्यसभा सांसद राजेन्द्र गहलोत ने कहा कि यह कृत्य प्रदेश में कांग्रेस सरकार को लोकतंत्र विरोधी है। आपातकाल का उदाहरण देते हुए कहा कि यह कांग्रेस की पुरानी परिपाटी है। भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष प्रसन्नचन्द मेहता, विधायक सूर्यकांता व्यास, पूर्व सांसद नारायण पंचारिया, महापौर वनिता सेठ, उप महापौर किशन लड्डा, पूर्व जेडीए चेयरमैन महेन्द्र राठौड़, इंद्रा राजपुरोहित, शशिप्रकाश प्रजापत नरेश सुराणा, संगीता सोलंकी, महामंत्री महेंद्र मेघवाल, देवेंद्र सालेचा, करणीसिंह खींची व अन्य नेता मौजूद रहे।