
अमित दवे/जोधपुर. कोविड 19 संक्रमण की रोकथाम व बचाव के लिए चिकित्साकर्मियों की ड्यूटी के दौरान क्वारंटीन रहवास के लिए अवाप्त की गई होटलों के कमरों की दरों को लेकर जिला प्रशासन व होटल व्यवसायियों में सहमति बन गई हैं। नए संशोधन के अनुसार होटल्स को दो श्रेणी में वर्गीकृत किया गया है। जिनकी दर क्रमश: 800 व 1000 रुपए रखी गई है। जिसमे भोजन की व्यवस्था शामिल नहीं है।
संतुष्ट नहीं थे होटल व्यवसायी
पूर्व में, प्रशासन की ओर से तय दरों को लेकर होटल व्यवसायी संतुष्ट नहीं थे। जोधाणा होटल्स एवं रेस्टोरेंट्स सोसाइटी के अध्यक्ष जेएम बूब के नेतृव में होटल उद्यमियों ने जिला कलक्टर से संशोधन की मांग की। प्रशासन ने व्यवसायियों की मांगों को उचित मानते हुए अवाप्त की गई होटल की कमरों की नई दरों पर सहमति दे दी। प्रतिनिधिमंडल में हरीश पवार, विपिन पवार, जवाहर मूंदड़ा व योगेश मूंदड़ा आदि शामिल थे।
12 होटल, 329 कमरे बुक
जिला प्रशासन की ओर से अवाप्त शहर की 12 होटलों में 329 कमरें बुक किए गए है। इनमें सीएमएचओ, मेडिकल कॉलेज व एम्स के चिकित्साकर्मी व स्वास्थ्यकर्मी क्वारंटीन रहवास कर रहे है।
इनका कहना है
कोरोना की विकट स्थिति में होटल व्यवसाय पूरी तरह चौपट हो रखा है। प्रशासन की ओर से तय की गई कमरों की दरों से संतुष्ट नहीं थे। हमने प्रशासन से कमरों की दरों में संशोधन की मांग की, जिसे प्रशासन ने स्वीकार किया।
जेएम बूब, अध्यक्ष, जोधाणा होटल्स एवं रेस्टोरेंट्स सोसाइटी