जोधपुर

सामूहिक विवाह में हो रहा था बाल विवाह, प्रशासन ने रुकवाया

- परिजनों को किया पाबंद, मांगे उम्र संबंधी दस्तावेज
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Jan 16, 2019
Child marriage, administration stopped in mass marriages
सामूहिक विवाह में हो रहा था बाल विवाह, प्रशासन ने रुकवाया

जोधपुर.
शहर में एक समाज के सामूहिक विवाह में बाल विवाह होने से महज आधा घंटे पहले शिकायत मिलने पर जिला प्रशासन के अधिकारियों ने मौके पर पहुंच बाल विवाह रुकवा दिया। हालांकि जिला प्रशासन के अधिकारियों के मौके पर पहुंचने से पहले ही बाल विवाह से संबंधित दोनों पक्षों के परिजन विवाह स्थल से गायब हो गए। टीम के दस्तावेज मांगने पर आयोजकों ने एक शपथ पत्र दिया, जिसमें दुल्हन की उम्र 18 वर्ष, 9 माह बताई गई। जबकि दुल्हन के नाबालिग होने की शिकायत मिली थी। जिला प्रशासन के अधिकारियों ने नाबालिग के परिजनों को पाबंद कर उसकी उम्र सम्बधी दस्तावेज मांगे हैं।

शास्त्रीनगर ए सेक्टर स्थित समाज भवन में मंगलवार को समाज की ओर से 13 वां सामूहिक विवाह आयोजित किया गया। जहां 6 जोड़ों की शादी सुबह 11 बजे होने वाली थी। इस दौरान जिला प्रशासन को शिकायत मिली कि समाज के सामूहिक विवाह में एक नाबालिग का बाल विवाह हो रहा है। इस पर तहसीलदार श्रवण सिंह टीम के साथ मौके पर पहुंचे। लेकिन टीम के पहुंचने से पहले ही दूल्हे व दुल्हन परिजनों के साथ वहां से गायब हो गए। इस पर तहसीलदार श्रवण सिंह के नाबालिग दुल्हन के उम्र सम्बधी दस्तावेज मांगने पर आयोजकों ने एक शपथ पत्र दिया। जिसमें दुल्हन की जन्म तिथि 15 मार्च 2000 और उम्र 18 वर्ष 9 माह बताई गई। जबकि दुल्हन की उम्र 18 वर्ष से कम होने की शिकायत मिली। श्रवण सिंह ने बताया कि दूल्हे व दुल्हन के परिजनों को बाल विवाह नहीं करने के लिए पाबंद करते हुए, नाबालिग के परिजनों से उम्र सम्बधी दस्तावेज पेश करने के निर्देश दिए। परिजनों के दस्तावेज पेश करने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
आधा घंटा बाद आते तो हो जाता बाल विवाह

समाज के सामूहिक विवाह में सभी जोड़ों की बारात सुबह 11 बजे विवाह स्थल पहुंच गई थी। इसके बाद जोड़ों के शादी के लिए फेरे की तैयारी चल रही थी। जोड़े के फेरे लेने से महज आधा पहले दोनों पक्षों को पता लग गया कि उनके खिलाफ जिला प्रशासन में शिकायत हुई है। जिला प्रशासन की टीम के मौके पर पहुंचने से पहले ही दूल्हे व दुल्हन के परिजन वहां से निकल गए।

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सामूहिक विवाह में लडक़ी के परिजनों के 18 वर्ष से अधिक उम्र का शपथ पत्र देने पर रजिस्ट्रेशन किया, लेकिन उसके नाबालिग होने का पता लगने पर उनका रजिस्ट्रेशन व विवाह का कार्यक्रम निरस्त कर उन्हें घर भिजवा दिया गया।
कमल आसदेव, सचिव, विश्वकर्मा जांगिड़ पंचायत

Published on:
16 Jan 2019 06:52 am