जोधपुर

आपात की घड़ी में ये कोरोना वॉरियर्स निभा रहे अपनी इंसानियत की ड्यूटी, इनके हौसले को सलाम

एक कोरोना वॉरियर ऐसे भी हैं जिनके कर्म में दिव्यंागता बाधा नहीं बनी। यह है कालूराम भाटी। शहर के शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कलाल कॉलोनी में कार्यरत अकाउंटेंट कम डेटा एन्ट्री अॅापरेटर कालूराम भाटी जो कि दोनों पैरों से दिव्यांग है। इस कारण वे चल भी नहीं पाते है।
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corona warriors are providing their selfless services in lockdown
आपात की घड़ी में ये कोरोना वॉरियर्स निभा रहे अपनी इंसानियत की ड्यूटी, इनके हौसले को सलाम

दिव्यांगता बाधा नहीं बनी इनके हौसलें पर
जोधपुर. एक कोरोना वॉरियर ऐसे भी हैं जिनके कर्म में दिव्यंागता बाधा नहीं बनी। यह है कालूराम भाटी। शहर के शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कलाल कॉलोनी में कार्यरत अकाउंटेंट कम डेटा एन्ट्री अॅापरेटर कालूराम भाटी जो कि दोनों पैरों से दिव्यांग है। इस कारण वे चल भी नहीं पाते है। लेकिन इनके हौसले के आगे यह बाधा भी गौण नजर आ रही है। कलाल कॉलोनी जो कि एक कंटेनमेंट जोन में आता है इस क्षेत्र में सघन अभियान चलाकर संदिग्ध व हाई रिस्क कैटेगरी के सदस्य को चिन्हित कर उनके सैंपल लिए जा रहे हैं। ताकि वायरस के संक्रमण की पहचान कर चेन को तोडऩे में सफलता हासिल हो सके। भाटी इस क्षेत्र में होने वाले सभी सैम्पल कलेक्शन व्यवस्थाओं की जिम्मेंदारी अपने दल के साथ मिलकर निभाते है। वह प्रतिदिन लिए जाने वाले सैम्पल की लाइन लिस्ट बनाकर संपूर्ण डाटा तैयार कर संबंधित विभागों को भेजते हैं। भाटी मूल रूप से भोपालगढ के रहने वाले है तथा जोधपुर में अकेले रहकर कोरोना वॉरियर की भूमिका निभा रहे हैं।

डेढ़ माह से घर नहीं गया, फोन पर ही होती परिजनों से बात
बाड़मेर जिले के छोटे से गांव आगिन शाह का तला गांव (चौहटन) का युवा जोधपुर के मथुरादास माथुर अस्पताल में कोरोना वॉरियर्स बनकर सेवा दे रहा है। तकनीकि सहायक के पद पर कार्यरत बाड़मेर जिले के मेघराजसिंह राठौड़ ने बताया कि वह पिछले पांच वर्ष से अस्पताल में है। राउंड वार कोरोना वार्ड में ड्यूटी देता है। लॉकडाउन के बाद वह घर नहीं किया। गांव में पिता एएल सिंह, मां चंद्रा कंवर, भाई पदमसिंह व शैतानसिंह कोरोना को लेकर जोधपुर की खबरें अखबार में पढ़ते हैं तो चिंतित हो जाता है। मां तो कई बार कह चुकी है कि नौकरी छोड़ घर आ जा, तुझे कुछ हो गया तो हम किया करेंगे। ऐसे में दिन में समय मिलने पर मां से दो -तीन बार वीडियो कॉल कर बात कर लेता हूं।

घर-घर जाकर कर रहे सोडियम हाइपोक्लोराइड का छिड़काव
शहर में कोरोना का खौफ कम होने का नाम नहीं ले रहा। इधर लॉकडाउन के चलते लोग घरों से बाहर नहीं जा रहे। ऐसे में स्थानीय पुलिस, प्रशासन कोरोना से आमजन को बचाने में जुटा हुआ तो कई सामाजिक संगठन, समाज के लोग अपने-अपने तरीकों से प्रशासन के सहयोग में जुटे है। इनमें से एक अखिल भारतीय कायस्थ महासभा भी है। जिसके नेतृत्व में कायस्थ समाज की एक टीम चौपासनी हाउसिंग बोर्ड क्षेत्र में घर-घर जाकर सोडियम हाइपोक्लोराइड से सेनेटाइजेशन में जुटा हुआ है। मंयक माथुर ने बताया कि उनकी टीम 19 अप्रेल से इस कार्य में जुटी है। जिसमें अनिल माथुर कोलरी, रिंकू माथुर, गौरव, अजय, नितिन, रूपेन्द्र, रेखा माथुर आदि शामिल है।

गांव के जरूरतमंदों को पच्चीस क्विंटल गेहूं का वितरण
जोधपुर जिले के बाप पंचायत समिति के टेकरा गांव की सरपंच ने लॉक डाउन में राशन के गेहूं से वंचित जरूरतमंदों को शुक्रवार को पच्चीस क्विंटल गेहूं का वितरण किया। उन्होंने लॉक डाउन रहने तक हर माह पच्चीस क्विंटल गेहूं वितरण करने का निर्णय किया। सरपंच भंवर कंवर ने बताया कि लॉक डाउन में मजदूरी के अभाव में गांव के जरूरतमंद अनाज नहीं खरीद पा रहे हैं। राशन की दुकानों से भी अनेक जरूरतमंदों को गेहूं का वितरण नहीं हो सका।

अवकाश लेकर कोरोना वार्ड में सेवाएं दे रहा होमगार्ड
कोरोना वायरस के संक्रमण को फैलने से रोकने में एक होमगार्ड उम्मेद अस्पताल में बतौर टेलिफोन ऑपरेटर से अवकाश लेकर महात्मा गांधी अस्पताल की कोरोना ओपीडी में ड्यूटी कर सेवाएं दे रहा है। होमगार्ड ललित चौहान ने बताया कि बतौर होमगार्ड वह उम्मेद अस्पताल में संविदा पर टेलिफोन ऑपरेटर है। कोरोना से आमजन को बचाने में सेवाएं देने के उद्देश्य से उसने गत 18 अप्रेल से टेलिफोन ऑपरेटर पद से अवकाश ले लिया और महात्मा गांधी अस्पताल में कोरोना ओपीडी में सेवाएं देनी शुरू कर दी। होमगार्ड ललित का कहना है कि चिकित्सक और नर्सिंगकर्मियों के साथ पुलिस की सेवा से प्रभावित होकर उसने भी कोरोना को हराने के लिए कुछ करने का निर्णय किया।

24 कोरोना वारियर्स सम्मानित
जिले में कोरोना संक्रमण काल में डोर-टू-डोर सर्वे, सैम्पलिंग व स्क्रीनिंग के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने पर 24 अधिकारियों एवं कर्मचारियों को शुक्रवार को कलक्ट्रेट प्रांगण में जिला कलक्टर प्रकाश राजपुरोहित ने सम्मानित किया। अतिरिक्त जिला कलक्टर महिपाल भारद्वाज ने बताया कि सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र झंवर लूणी के आयुष चिकित्सक डॉ. हनुमानसिंह राजपुरोहित, पीडब्लयूडी कनिष्ठ सहायक मोहम्मद सलीम, पाँॅलिटेक्निक महाविद्यालय के टेक्नीशियन बाबूलाल जांगिड, उप स्वास्थ्य केन्द्र चिरढाणी की एएनएम उषा देवी, सूरसागर में बीएलओ मोहित शर्मा, एएनएम कविता कुमारी को सम्मानित किया गया। आशा सहयोगिनी गायत्री, चिकित्सा अधिकारी डॉ पी.आर गोयल, एएनएम सावित्री, चिकित्सा प्रभारी अधिकारी डॉ. अमरीन खान, डॉ मोहम्मद सुल्तान, जन स्वास्थ्य प्रबंधक पारसराम, बीएलओ गुलशन बावेजा को सम्मानित किया गया। महामंदिर की एएनएम प्रेमलता, एएनएम सुमन कल्ला, चैनपुरा के अध्यापक सुनील, रोडवेज के सहायक प्रशासनिक अधिकारी अरूण कुमार, आयुष चिकित्सक डॉ मोहम्मद साजिद, डॉ. मोहम्मद शाकिर, सीताराम चौधरी, एएनएम अनिता विश्नोई, श्रीमती मैना, जितेन्द्र वर्मा व इन्द्रा विश्नोई सम्मानित हुए।

Updated on:
02 May 2020 02:07 pm
Published on:
02 May 2020 02:07 pm