
जोधपुर.
जिले के वन्यजीव बहुल ओसियां, लूणी, बावड़ी, मंडोर, बालेसर, बिलाड़ा, फलोदी, बाप व भोपालगढ़ रेंज में पिछले पांच दिन में कुत्तों के हमलों में 20 चिंकारे व काले हिरण की मौत और 55 से घायल हो चुके हैं।
घायल वन्यजीवों को वन्यजीव उडऩदस्ता रेस्क्यू टीम और विश्नोई टाइगर फोर्स के स्वयंसेवकों ने 35 घायल वन्यजीवों का रेस्क्यू वार्डों में प्राथमिक उपचार कराया। घायलों में अधिकांश की स्थिति गंभीर है।
स्वयंसेवकों का कहना है कि बरसात कम होने से पानी का संकट है और वन्यजीव प्यास बुझाने गांवों की तरफ आते ही उन पर कुत्ते झपट पड़ते हैं। गांवों में आवारा कुत्ते पालतु मवेशियों और इंसानों पर भी हमला करने से भी नहीं चूकते।
बिश्नोई टाइगर फ ोर्स के प्रदेशाध्यक्ष रामपाल भवाद के नेतृत्व में सैकड़ों लोगों ने वन विभाग के अधिकारियों, जिला परिषद के सीईओ और राज्य सरकार को देकर इस समस्या के समाधान की मांग की।
भवाद ने कहा कि समय रहते समस्या का समाधान नहीं किया तो पूरा वन्यजीवन संकट में पड़ जाएगा।