
जोधपुर।
सरकारी कार्यालयों में जहां हर कार्य को पेपरलेस व ऑनलाइन को बढ़ावा दिया जा रहा है। उद्योगों से संबंधित विभागों में उद्यमियों को ऑनलाइन सुविधा देने के दावे किए जा रहे है। वहीं रीको में उद्यमियों को उद्योग संबंधित फ ाइलों के कार्य के लिए चक्कर लगाने पड़ रहे है। -ऑफिस से डिलीट होती है पुरारी ट्रांसफर प्रोफाइल जब कोई रीको प्लाट की खरीद होती है तो लीज ट्रांसफ र के लिए खरीदार को विभाग के पोर्टल पर एसएसओ आइडी या ट्रांसफ र प्रोफ ाइल बनानी पड़ती है। जिसे एक्टिव करने के लिए उसे रीको जाना पड़ता है। बाद में, अपने कागज लेने के लिए एक्चुअल एंटरप्रेन्योर प्रोफ ाइल बनानी पड़ती है लेकिन उससे पहले पुरानी प्रोफ ाइल डिलीट करने व नई प्रोफ ाइल बनाकर उसे एक्टिवेट कराने फि र रीको जाना पड़ता है
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दस्तावेज लेने के लिए भी ऑनलाइन आवेदन
नई प्रोफ ाइल 4-5 दिन में एक्टिवेट होने के बाद उद्यमी को अपने दस्तावेज लेने के लिए ऑनलाइन एप्लीकेशन लगानी पड़ती है। फि र उस एप्लीकेशन की पेपर प्रति रीको में जमा करवानी पड़ती है। जहां जांच में कोई त्रुटि आने पर पूरी प्रक्रिया दोबारा करने को कहा जाता है।
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उद्यमी रीको से यही उम्मीद करता है कि उसका कार्य जल्दी हो और उसे अनावश्यक चक्कर न कटवाए जाए। पूरी प्रक्रिया को ऑनलाइन बनाने के साथ ऑफ लाइन प्रक्रिया भी चालू रखनी चाहिए।
आशाराम धूत, पूर्व अध्यक्ष
जोधपुर इंडस्ट्रीज एसोसिएशन
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रीको की सभी गतिविधियां ऑनलाइन है। केवल ट्रांसफर प्रोफाइल के लिए ऑफिस आना पड़ता है। इसके अलावा समस्या होने पर वह हेल्प डेस्क से जानकारी लेकर ऑनलाइन समस्या का समाधान का प्रावधान है।
संजय झा, वरिष्ठ क्षेत्रीय प्रबंधक
रीको जोधपुर