
जोधपुर।
पंजाब के कुख्यात बदमाश लॉरेंस बिश्नोई के गुर्गों को खालिस्तानी समर्थक कनाडा से फंडिंग कर रहे हैं। ऐसे ही एक गुर्गे के खाते में राशि जमा कराई गई थी और उस गुर्गे ने पीपाड़ शहर के एक युवक के खाते में दो बार में 30-40 हजार रुपए जमा करवाए थे। यह लिंक उजागर होने पर एनआइए ने स्थानीय पुलिस के साथ बुधवार अल-सुबह पीपाड़ शहर में खेजड़ला रोड पर मकान में दबिश देकर युवक को हिरासत में लिया। तीन-चार घंटे पूछताछ करने के बाद तीन अक्टूबर को दिल्ली स्थित एनआइए के कार्यालय में तलब का नोटिस देकर छोड़ा गया। (NIA Raids in Pipar)
सूत्रों के अनुसार एनआइए की टीम अल-सुबह पीपाड़ शहर पहुंची। पुलिस को साथ लेकर खेजड़ला रोड पर मकान में छापा मारा। सुरजीत बिश्नोई को हिरासत में लिया। मकान की सघन तलाशी भी ली गई। हालांकि मकान से कोई संदिग्ध सामग्री मिलने की जानकारी नहीं है। एनआइए की टीम सुरजीत को लेकर पीपाड़ शहर थाने पहुंची, जहां तीन-चार घंटे पूछताछ की गई। उसके मोबाइल भी जांच भी की गई। अब उसे तीन अक्टूबर को दिल्ली स्थित एनआइए के कार्यालय बुलाया गया है, जहां उससे पूछताछ की जाएगी। अवैध हथियार की खरीद-फरोख्त के मामले में एनआइए की टीम पांच माह पहले भी सुरजीत से पूछताछ कर चुकी है।
खाते में जमा करवाए थे रुपए
सूत्रों के अनुसार लॉरेंस के गुर्गे गुरजत सिंह को कनाडा से फंडिंग की गई थी। यह राशि संभवत: कनाडा से जमा करवाई गई थी। जो खालिस्तानी होने का संदेह है। गुरजत सिंह व पीपाड़ शहर निवासी सुरजीत बिश्नोई आपस में सम्पर्क में हैं। गुरजत ने दो बार मर्तबा सुरजीत के बैंक खाते में 30-40 हजार रुपए जमा करवाए थे। इसका पता लगने के बाद से गुरजत सिंह व सुरजीत एनआइए के संदेह के घेरे में आ गए थे।
लॉरेंस के गुर्गों को दी थी पनाह
जांच में सामने आया कि इंस्टाग्राम के मार्फत सुरजीत व गुरजतसिंह में सम्पर्क हुआ था। सुरजीत सिंह ने सोशल मीडिया पर लॉरेंस के गुर्गों को फॉलो करने लग गया था। खाते में रुपए जमा होने के बाद लॉरेंस के कुछ गुर्गे जोधपुर आए थे। तब पीपाड़ शहर के युवक ने उन्हें पनाह दी थी और मदद की थी।