जोधपुर

हाईकोर्ट ने मांगी कैदियों की मजदूरी बढ़ाने की पालना रिपोर्ट

राज्य सरकार को दो सप्ताह में पालना रिपोर्ट पेश करने के दिए निर्देश
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Feb 19, 2021
हाईकोर्ट ने मांगी कैदियों की मजदूरी बढ़ाने की पालना रिपोर्ट
हाईकोर्ट ने मांगी कैदियों की मजदूरी बढ़ाने की पालना रिपोर्ट

जोधपुर। जेलों में बंद कैदियों से करवाए जाने वाले विभिन्न प्रकृति के कार्यों के मद्देनजर वर्तमान में प्रभावी मजदूरी की दरों में अपेक्षित बढ़ोतरी की अधिसूचना जारी हो जाने की जानकारी दिए जाने पर राजस्थान हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को दो सप्ताह में पालना रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। अगली सुनवाई 15 मार्च को होगी।
वरिष्ठ न्यायाधीश संगीत लोढ़ा तथा न्यायाधीश रामेश्वर व्यास की खंडपीठ के समक्ष राज्य सरकार की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता करणसिंह राजपुरोहित ने बताया कि गत वर्ष 3 सितंबर को दिए गए निर्देशों की पालना में गठित कमेटी ने मजदूरी की दरों मेेंं बढ़ोतरी की सिफारिश की थी, जिसे मानते हुए सरकार ने मजदूरी बढ़ाने की अधिसूचना जारी कर दी है।

उल्लेखनीय है कि हाईकोर्ट ने जेल में बंद की कैदी इंद्रजीत सिंह के प्रार्थना पत्र को जनहित याचिका के रूप में दर्ज करते हुए सुनवाई शुरू की थी। इसमें कहा गया था कि वर्ष 2015 के बाद जेल में बंद कैदियों को काम के बदले दी जाने वाली मजदूरी में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है, जबकि इस इसके बाद सामान्य मामलों में सरकार ने न्यूनतम मजदूरी की दरों में कई बार संशोधन किए हैं। इस मामले में न्याय मित्र ने भी बताया था कि राज्य सरकार ने अकुशल, कुशल तथा अति कुशल श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी में वर्ष 2020 तक श्रम कानून के तहत संशोधन किए हैं, लेकिन कैदियों को दी जाने वाली मजदूरी अंतिम बार 17 मार्च, 2015 को बढ़ाई गई थी।

Updated on:
19 Feb 2021 02:31 pm
Published on:
19 Feb 2021 02:31 pm