जोधपुर

human story : आ​खिर इस वजह से कर्फ़्यू की खौफ भरी गलियों में बिखरी मासूम मुस्कान

बच्चे और महिलाओं की चहल-कदमी भी हुई  
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May 07, 2022
human story : आ​खिर इस वजह से कर्फ़्यू की खौफ भरी गलियों में बिखरी मासूम मुस्कान
human story : आ​खिर इस वजह से कर्फ़्यू की खौफ भरी गलियों में बिखरी मासूम मुस्कान

Jodhpur Violence LIVE Update : खौफ का वो आधा घंटा भूलता नहीं। दहशत के मारे कई दिनों तक बंद रहने वाले दरवाजे अब खुलने लगे है। मासूम बच्चों व महिलाओं के चेहरे पर भी फिर मुस्कान बिखरी है। बस, अमन और चैन की यह हंसी अब फिर से कोई छीन न ले। सुनारों का बास, कबूतरों का चौक क्षेत्र में चार दिन बाद िस्थति सामान्य हाेने लगी। पत्रिका टीम ने मौके पर लोगों से बातचीत की।

कबूतरों का चौक से लेकरसुनारों का बास में कर्फ़्यू हालात में मिली महिलाओं व बच्चों से बात की। हालात जाने तो पता चला कि अब भी खौफ तो है, लेकिन फिर भी िस्थति सुधर रही है। तीन दिन तो घर में कैद रहे, लेकिन अब मोहल्ले में निकलने लगे हैं। गली में आने वाले सब्जी व दूध से काम चल रहा है। एक बुजुर्ग बसंती देवी को जरूरी दवाएं लेने में भी दिक्कत हो रही थी, क्योंकि मोहल्ले की दुकान में यह दवाई तक खत्म हो चुकी है। एक दो वर्ष के आशीष को टीका लगाना है, लेकिन घर वाले दो-चार दिन टाल कर जाने का मन बना चुके हैं। अभी किसी प्रकार का रिस्क नहीं ले सकते।


गाडि़यां मरम्मत भी नहीं करवा सकते
इस क्षेत्र में सबसे ज्यादा नुकसान वाहनों को हुआ है। अभी वाहन मरम्मत की दुकानें नहीं खुली है। ऐसे में अधिकांश लोगों के वाहन टूटे हैं। कुछ चलने की िस्थति में भी नहीं है। अभिषेक सोनी बताते हैं कि वाहन ठीक होंगे या नहीं यह भी पता नहीं, यदि ठीक होंगे तो उसके कितने रुपए लगेंगे यह भी नहीं पता।

कर्फ़्यू हटे तो भी अमन रहे

स्थानीय लोगों ने बातचीत में बताया कि अभी कर्फ़्यू है और सुरक्षा बल तैनात है। इसके बाद भी क्षेत्र में शांति रहे, बस यही कामना है। दहशत के साथ लोगों का जीवन यापन भी काफी प्रभावित हुआ है। कामकाज व ऑफिस जाना भी बंद हो गए हैं, अब उम्मीद कर रहे हैं कि जनजीवन सामान्य हो।

Published on:
07 May 2022 06:46 pm