
जोधपुर। जिले के लूनी थानान्तर्गत भाचरना गांव की नाडी में भैंस को बाहर निकालने के दौरान पांव फिसलने से मासूम बच्ची पानी में जा गिरी और उसे बचाने के प्रयास में बड़ी बहन भी डूब गई। परिजन व ग्रामीणों ने मशक्कत के बाद दोनों को बाहर निकाला और अस्पताल ले गए, लेकिन तब तक दोनों बहनों की मौत हो चुकी थी।
थानाधिकारी ईश्वरचंद पारीक ने बताया कि भाचरना गांव में जांगवास निवासी हड़मानराम बिश्नोई की पुत्रियां बेबी (12) व शीला (9) भैंस को पानी पिलाने के लिए बुधवार देर शाम गांव के पास ही नाडी गईं थी। इनका भाई भी साथ था। नाडी के पास भैंस खुली छोड़ दी गई। फिर भैंस पानी पीने नाडी की तरफ गई। वह नहाने के लिए नाडी में पहुंच गई। काफी देर तक बाहर न आने पर शीला भैंस को बाहर निकालने के लिए नाडी की तरफ जाने लगी। पास पहुंचने पर अचानक उसका पांव फिसल गया और शीला नाडी में जा गिरी। यह देख बड़ी बहन बेबी घबरा गई। वह छोटी बहन को बचाने के लिए नाडी में उतरी, लेकिन वह भी डूब गई।
यह देख भाई चिल्लाने लगा। वह घर पहुंचा और परिजन को सूचना दी। ग्रामीणों के साथ परिजन मौके पर आए। दोनों बहनों को निकालने के लिए ग्रामीण नाडी में उतरे। काफी मशक्कत के बाद देर रात दोनों बहनों को बाहर निकाला जा सका। परिजन उन्हें गांव के अस्पताल ले गए, जहां से उन्हें मथुरादास माथुर अस्पताल रैफर किया गया, जहां जांच के बाद चिकित्सकों ने दोनों बहनों को मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने गुरुवार सुबह मर्ग दर्ज किया और पोस्टमार्टम के बाद भाचरना में जांगवास निवासी बेबी पुत्री हड़मानराम बिश्नोई और छोटी बहन शीला के शव परिजन को सौंपे।