
वीडियो : जेके भाटी/जोधपुर. लॉक डाउन से पहले छुट्टी और प्रशिक्षण में गए आर्मी के जवानों को वापस ड्यूटी जॉइन कराने के लिए रेलवे स्पेशल ट्रेनें चला रहा है। रविवार को बेंगलुरू से एक ट्रेन जोधपुर आई, जिसमें जोधपुर स्थित सेना की कोणार्क कोर के करीब 200 जवान उतरे। ये जवान जोधपुर, बाड़मेर, बीकानेर और जैसलमेर सहित अन्य स्थानों पर ड्यूटी जॉइन करेंगे। ड्यूटी जॉइन करने से पहले इन जवानों को 14 दिन क्वारेंटाइन में रहना पड़ेगा।
स्पेशल ट्रेन बेंगलुरू से चलकर पुणे, अहमदाबाद होते हुए दोपहर 3.20 पर जोधपुर पहुंची। यहां आधा घंटा रुकने के बाद अपराह्न 3.50 पर यह जयपुर होते हुए दिल्ली प्रस्थान कर गई। आने वाले दिनों में और भी स्पेशल ट्रेनें आएगी। ट्रेन आने से पहले ही सेना ने जोधपुर के मुख्य रेलवे स्टेशन स्थित प्लेटफॉर्म संख्या-1 को अपने सुरक्षा घेरे में ले लिया। प्लेटफॉर्म को सेनेटाइज किया गया। रेलवे स्टेशन के अंदर किसी को जाने की इजाजत नहीं थी। जवानों के ट्रेन से उतरने के बाद पंक्ति में सबकी जांच की गई। उनके हाथ सेनेटाइज किए गए। सामान एक तरफ रखकर उन पर सेनेटाइजर छिड़का गया। थर्मल गन से तापमान की जांच की गई। इसके बाद बसों मे बैठाकर यूनिट में लाया गया।
क्वारेंटाइन सेंटर में रहेंगे छुट्टी से लौटने वाले बीएसएफ जवान
लॉकडाउन से पहले छुट्टी पर गए सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) सहित अन्य अद्र्धसैनिक बलों के जवान को ड्यूटी जॉइन करने के निर्देश दिए गए हैं। ड्यूटी पर आने वाले जवानों को 14 दिन के लिए क्वारेंटाइन सेंटर में रखा जाएगा। इसके लिए बीएसएफ ने बटालियन व सेक्टर स्तर पर क्वारेंटाइन सेंटर की व्यवस्था की है। राजस्थान फ्रंटियर मुख्यालय में अस्पताल के अंदर यह व्यवस्था की गई है। कुछ स्थानों पर राज्य सरकार के क्वारेंटाइन सेंटर की भी मदद ली जाएगी। बाड़मेर, जैसलमेर, बीकानेर, जोधपुर और श्रीगंगानगर के करीब 350 जवान छुट्टी पर गए हुए थे।
इनका कहना है
'ड्यूटी जॉइन करने से पहले प्रत्येक जवान को 14 दिन तक क्वारेंटाइन सेंटर में रहना पड़ेगा। इसके लिए बटालियन स्तर पर क्वारेंटाइन सेंटर बनाए गए हैं।'
- अमित लोढा, महानिरीक्षक, सीमा सुरक्षा बल राजस्थान फ्रंटियर