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Rajasthan New Rail Line: राजस्थान में बिछेगी नई रेल लाइन, दो शहरों का सफर होगा आसान, 58 किमी दूरी होगी कम

Rajasthan New Rail Line : जोधपुर से ब्यावर के बीच प्रस्तावित नई रेल लाइन परियोजना से न केवल दूरी घटेगी, बल्कि सफर भी तेज और सुगम होगा। बिलाड़ा से रास तक नई ब्रॉडगेज रेल लाइन बिछाने की योजना को गति मिल गई है और इसकी डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) रेल मंत्रालय को भेज दी गई है।

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Apr 20, 2026
Rajasthan New Rail Line
Rajasthan New Rail Line (Photo: AI generated)

जोधपुर। जोधपुर से ब्यावर के बीच प्रस्तावित नई रेल लाइन परियोजना से न केवल दूरी घटेगी, बल्कि सफर भी तेज और सुगम होगा। बिलाड़ा से रास तक नई ब्रॉडगेज रेल लाइन बिछाने की योजना को गति मिल गई है और इसकी डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) रेल मंत्रालय को भेज दी गई है।

वर्तमान में जोधपुर से ब्यावर पहुंचने के लिए यात्रियों को मारवाड़ जंक्शन के रास्ते करीब 191-193 किलोमीटर का सफर तय करना पड़ता है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, प्रस्तावित नई रेल लाइन बनने के बाद यह दूरी घटकर लगभग 133 किलोमीटर रह जाएगी। यानी करीब 58 किलोमीटर की कमी आएगी और यात्रियों का लगभग एक घंटे का समय बचेगा। यह प्रोजेक्ट अभी निर्माण/स्वीकृति के चरण में है (सर्वे पूरा हो चुका है, वित्तीय मंजूरी की प्रक्रिया चल रही है)।

रेल संपर्क से सीधा लाभ मिलेगा

डीआरएम अनुराग त्रिपाठी ने रेल मंत्रालय को भेजी रिपोर्ट में कहा था कि यह परियोजना क्षेत्रीय और राष्ट्रीय विकास के लिए महत्वपूर्ण साबित होगी। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में लाइमस्टोन, ग्रेनाइट, चाइना क्ले और सीमेंट उद्योगों की बड़ी मौजूदगी है, जिन्हें रेल संपर्क से सीधा लाभ मिलेगा।

साथ ही कम दूरी होने के कारण यह मार्ग सामरिक दृष्टि से भी अहम होगा। लंबे समय से इस रेलखंड के विस्तार की मांग जनप्रतिनिधियों की ओर से की जा रही थी, जिसके बाद अब योजना को गति मिली है।

क्या है प्रोजेक्ट

इस योजना के तहत नई रेल लाइन का निर्माण बिलाड़ा से शुरू होकर जैतारण, निंबोल और टूकड़ा होते हुए रास तक किया जाएगा। यह मार्ग कई ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों को सीधे रेल नेटवर्क से जोड़ने का काम करेगा, जिससे स्थानीय लोगों को आवागमन में बड़ी सुविधा मिलेगी।

रास पहले से ही ब्यावर रेल मार्ग से जुड़ा हुआ है, ऐसे में इस नई लाइन के बन जाने के बाद इस पूरे क्षेत्र को सीधा और बेहतर रेल कनेक्शन मिल सकेगा। इससे न केवल यात्रियों को लाभ होगा, बल्कि माल परिवहन भी अधिक सुगम और तेज हो जाएगा।

इस परियोजना की अनुमानित लागत लगभग 850 करोड़ रुपए बताई जा रही है। इतनी बड़ी लागत वाली इस योजना को लेकर उम्मीद जताई जा रही है कि इसके निर्माण से रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे और निर्माण कार्य के दौरान स्थानीय स्तर पर लोगों को काम मिलेगा।

Published on:
20 Apr 2026 08:36 pm