जोधपुर

Rajasthan: 9,500 से ज्यादा मकानों पर गिरेगी गाज, चलेगा बुलडोजर-कटेंगे कनेक्शन, हाईकोर्ट की सख्ती के बाद बड़े एक्शन की तैयारी

Rajasthan Forest Encroachment News: जोधपुर में वनभूमि पर 9,500 से ज्यादा अतिक्रमण हटाने को लेकर प्रशासन ने कार्रवाई तेज कर दी है। हाईकोर्ट की सख्ती के बाद बिजली-पानी कनेक्शन काटने के साथ बड़े स्तर पर अभियान की तैयारी है।

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Mar 19, 2026
रावटी वन क्षेत्र में वनविभाग की सुरक्षा दीवार के भीतर बने मकान। फोटो- पत्रिका

जोधपुर। शहर की लाइफ लाइन मानी जाने वाली वनभूमि के अलग-अलग सात वनखंडों में 9,526 से अधिक अतिक्रमण हटाने को लेकर राजस्थान उच्च न्यायालय में लंबित जनहित याचिका के तहत दिए गए सख्त निर्देशों के बाद प्रशासनिक तंत्र में हलचल तेज हो गई है। न्यायालय की पालना सुनिश्चित करने के लिए वन विभाग और जिला प्रशासन ने अब कार्रवाई को तेज करने की तैयारी शुरू कर दी है।

न्यायालय ने राज्य सरकार को निर्देश दिया था कि सभी संबंधित विभाग समन्वय के साथ ठोस और प्रभावी कदम उठाएं तथा अदालत के आदेशों की पूर्ण पालना सुनिश्चित करें। मामले की अगली सुनवाई 24 मार्च को निर्धारित की गई है, जिसमें राज्य सरकार को अपनी कार्रवाई का विस्तृत ब्यौरा प्रस्तुत करना होगा। अदालत की इस सख्ती के बीच आगामी दिनों में जोधपुर में वनभूमि पर बड़े स्तर पर कार्रवाई तय मानी जा रही है।

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प्रगति रिपोर्ट मांगी

इसी बीच राजस्थान सरकार के एडवोकेट जनरल कार्यालय, राजस्थान ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जोधपुर के उपवन संरक्षक (डीएफओ) को बुधवार को जयपुर तलब किया। बैठक में महाधिवक्ता ने अब तक हुई कार्रवाई की विस्तृत अनुपालना रिपोर्ट मांगी, जिसे 24 मार्च को न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा। वन विभाग की ओर से पहले ही अतिक्रमणकारियों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं। अब अंतिम चेतावनी देते हुए स्पष्ट किया गया है कि स्वयं अतिक्रमण हटाएं, अन्यथा प्रशासन पुलिस बल के साथ कार्रवाई करेगा।

कनेक्शन कटे बिना कार्रवाई अधूरी

समीक्षा बैठक के दौरान महाधिवक्ता ने विशेष रूप से यह पूछा कि वनभूमि पर अवैध निर्माणों के कितने बिजली और पानी के कनेक्शन अब तक काटे गए हैं। इस पर डीएफओ ने बताया कि जोधपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड और जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग को खसरावार सूची उपलब्ध करवा दी गई है, ताकि अवैध कनेक्शन विच्छेद की कार्रवाई जल्द पूरी की जा सके। डीएफओ ने बताया कि जब तक अवैध मकानों के बिजली-पानी के कनेक्शन नहीं काटे जाएंगे, तब तक अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई प्रभावी नहीं हो पाएगी।

100 से ज्यादा स्टाफ रहेगा तैनात

अतिक्रमण हटाने के दौरान वन विभाग की बड़ी टीम मैदान में उतरेगी। इसमें सहायक वन संरक्षक, क्षेत्रीय वन अधिकारी, वनपाल, सहायक वनपाल और वन रक्षक सहित 100 से अधिक वनकर्मियों की तैनाती की जाएगी।

समीक्षा बैठक

महाधिवक्ता के निर्देशानुसार ही न्यायालय में प्रगति रिपोर्ट और शपथ पत्र प्रस्तुत किया जाएगा। इसी सिलसिले में जयपुर में बुधवार को हुई बैठक में जिला प्रशासन के सभी विभागों की ओर से अब तक की गई कार्रवाई को लेकर प्रगति की समीक्षा की गई है।

  • नरेन्द्र सिंह शेखावत, उपवन संरक्षक

हटाएंगे अतिक्रमण

वन भूमि से अतिक्रमण हटाने के संबंध में डीएफओ की ओर से कार्रवाई की जाएगी। पुलिस कमिश्नरेट से पुलिस बल लिया जाएगा। वन विभाग ही अतिक्रमण हटाएगा।

  • गौरव अग्रवाल, जिला कलक्टर

कनेक्शन कटेंगे

वन विभाग की ओर से अतिक्रमण क्षेत्र में बताए गए बिजली के कनेक्शनों को हटाने की कार्रवाई की जाएगी।

  • डॉ. भंवरलाल, एमडी डिस्कॉम, जोधपुर

होगी कार्रवाई

वन विभाग के अतिक्रमण क्षेत्र में जिन स्थानों को चिन्हित किया गया है, वहां से पानी के कनेक्शन काटने की कार्रवाई की जाएगी।

  • राजेन्द्र मेहता, एसई पीएचईडी

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