जोधपुर

अतीत के आइने में जोधपुर ; सरकार का बंगला

  पार्ट-4
less than 1 minute read
Oct 31, 2020
अतीत के आइने में जोधपुर  ; सरकार का बंगला
सरकार का बंगला

नंदकिशोर सारस्वत

जोधपुर. महाराजा सर प्रतापसिंह ने स्वयं के निवास के लिए जोधपुर के रातानाडा में सन 1888 में भव्य बंगले का निर्माण करवाया । इस बंगले को सरकार का बंगला कहा जाता था । तत्कालीन समय में जो बड़ा अधिकारी या राजा महाराजा जोधपुर आते वे सर प्रताप के बंगले अवश्य पधारते थे । जोधपुरी पत्थर से निर्मित तीन मंजिला यह भवन अनेक सुन्दर बारादरियों और विशाल कक्षों से सुसज्जित है । कलात्मक बंगले के निर्माण का कार्य मेड़ता के सिलावट गजधर अहमद बख्शी ने किया था ।महाराजा तख्तसिंहजी के पुत्र सर प्रतापसिंह ने जोधपुर के तीन शासकों की नाबालगी में जोधपुर राज्य की बागडोर सम्भाली थी। सर प्रताप ने अपने निजी निवास के लिए शिप हाउस का भी निर्माण करवाया , परन्तु शहर की गन्दी हवा उसी ओर आती थी इसलिए वे वहां नहीं रहे और इस नए भवन का निर्माण करवाया गया । इस भवन के पास ही चामी पोलो का मैदान बनाया गया ताकि सर प्रताप पोलो देख सकें । उन्हें पोलों का खेल बहुत पसन्द था वे अपने जमाने के मशहूर पोलो खिलाड़ी भी रहे थे । सर प्रताप को आधुनिक जोधपुर और खेल व शिक्षा जगत का अग्रणी कहा जा सकता है । उन्होंने इन सबका मारवाड़ में बीजारोपण किया था ।

Published on:
31 Oct 2020 07:48 pm