
जोधपुर ( jodhpur news. current news).नेटुआ ( Netua Drama ) मानी माटी का खिलौना, जब तक मन भरा खेले उसके संग। मन उकता गया तो तोडफ़ोड़ के फेंक दिए। नेटुआ को तो मालिक सब छोरियों को से खराब पूछता है और हम सबको खुश रखने खातिर मोगली बन कर हम छमछम करते हैं।’ यह रंग दर्शकों के लिए निशुल्क आयोजित इस समारोह के पहले दिन दिल्ली के दिलीप गुप्ता के निर्देशन में साइक्लोरामा का नेटुआ के मंचन ( Netua Drama ) का भावपूर्ण नजारा था। इसी के साथ जोधपुर थिएटर एसोसिएशन की मेजबानी में चार-दिवसीय राष्ट्रीय नाट्य समारोह के तहत जोधपुर थिएटर फेस्टिवल 2019’ ( Jodhpur Theater Festival ) का सोमवार को टाउन हॉल में आगाज हुआ। नाटक में सेक्स वर्कर्स और उनके दलालों के माध्यम से समाज के इस वर्ग की दशा और समाज का एक ढंका छुपा विद्रूप चेहरा दिखाया गया। नाटक में कलाकारों के संवाद चुटीले और चौंकाने वाले रहे।
पर्दे पर नजर आए
पर्दे पर मासाब की भूमिका में संतोषकुमार व सत्रोहन के रूप में ललितसिंह ने अदाकारी की। विद्याबाबू के तौर पर राजेश बख्शी, नारायण मिश्र के किरदार में नरेंद्रकुमार, सीतिया की भूमिका में हर्षिता गौतम, रामप्रताप के रूप में राज तंवर और झमना की भूमिका में दिलीप गुप्ता ने अभिनय किया।
पर्दे के पीछे
नाटक का संगीत पक्ष मजबूत रहा। संगीत सैन्डीसिंह का था। हारमोनियम पर पर सचिन, ढोलक पर रवि व नक्कारे पर जीमल खान ने साथ निभाया। स्वर सचिन अमर जी के थे। गीत सुधांशु, फिरदौस व महेंद्र मिश्र के थे। वेशभूषा ललितसिंह व अमितकुमार की थी। लाइट डिजाइनिंग राहुल चौहान की थी। संगीत संचालन हेमंतकुमार व जय त्रिपाठी का था। जबकि कोरियोग्राफी यशस्विनी बोस की थी।
पूर्व सांसद गजसिंह ने की घोषणा
पूर्व सांसद गजसिंह ने नाट्स समारोह के विधिवत आरंभ की घोषणा की। उन्होंने कहाकि जोधपुर में साहित्य कला व संस्कृति का अच्छा माहौल है। नाट्य समारोह होना खुशी की बात है।
—