
जोधपुर . ओलंपिक की तर्ज पर पाई स्कूल ओलंपिक्स का आयोजन शहर के गौशाला मैदान में मंगलवार से हुआ। पहली बार हो रहे इस खेल मेले में हजारों खिलाड़ी जुटे हैं। गोशाला मैदान पर पांच दिन तक चलने वाले पाई स्कूल ऑलंपिक में शहर के 16४ स्कूलों के करीब ७ हजार खिलाड़ी जीत के लिए दांव-पेच आजमाने के लिए जुट गए हैं। शहर में पहली बार होने वाले भव्य आयोजन पाई ओलम्पिक का उद्घाटन मुख्य अतिथि राजस्थान उच्च न्यायालय के वरिष्ठ न्यायाधीश गोपालकृष्ण व्यास ने किया। मुख्य अतिथि न्यायाधीश गोपालकृष्ण व्यास ने उद्बोधन में कहा कि इस आयोजन से बचपन में मनाए गए छब्बीस जनवरी आदि मौके की यादें ताजा करवा दी। बचपन का यह समय अब खो गया। लेकिन यह महत्वपूर्ण समय होता है विद्यार्थी जीवन का। उन्होंने कहा कि लाइफ माइनस लेबर इक्वल्स टू जीरो, लाइफ माइन्स डिसीप्लेन इक्वल्स टू जीरो। इसलिए जीवन में अनुशासन नहीं तो कुछ नहीं। खिलाड़ी को अनुशासित होना जरूरी। आने वाली पीढ़ी अनुशासित होकर खेले। राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाए। आने वाला भारत आपके हाथों में है। भारत देश उन्नति करेगा तो आगे बढ़ेगा। पत्रिका समूह और शिक्षा विभाग को धन्यवाद देना चाहता हूं।
विशिष्ट अतिथि महापौर घनश्याम ओझा ने उद्बोधन में कहा कि किसी के जीवन में शिक्षा के बाद उसके विकास के लिए अहम भूमिका निभाने में खेल महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। मैं धन्यवाद देता हूं पत्रिका समूह को कि उन्होंने इस आयोजन के माध्यम से बच्चों को प्रतिभा संवारने का अवसर दिया है। संभागीय आयुक्त रतन लाहोटी ने कहा कि प्रतियोगिता में भाग लेना महत्वपूर्ण है। हार और जीत आपकी परर्फोमेंस पर निर्भर करती है। विद्यार्थी जीवन में शारीरिक शिक्षा भी आवश्यक है। मैं सभी आयोजकों को शुभकामनाएं देता हूं।
हिन्दुस्तान जिंक (भारत का जिंक), पत्रिका इन एजुकेशन (पाई), बच्छराज यूनिफार्म एवं माध्यमिक शिक्षा विभाग की साझा मेजबानी में होने वाले खेल महाकुंभ का उद्घाटन सुबह ८ बजे शाला क्रीड़ा संगम, गोशाला मैदान में हुआ। जहां अलग-अलग खेल मैदानों पर विभिन्न प्रकार की खेल प्रतियोगिताएं हो रही हैं। जयपुर के बाद अब पत्रिका की ओर से जोधपुर में इसका आयोजन किया जा रहा है। स्कूली खिलाडिय़ों के लिए दौड़, कबड्डी, फुटबॉल व बास्केटबॉल सहित अनेक खेल प्रतियोगिताएं होंगी। प्रतियोगिताओं में विजेताओं को स्वर्ण, रजत व कांस्य पदक से सम्मानित किया जाएगा। प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सभी खिलाडिय़ों को प्रमाण पत्र दिए जाएंगे।
प्रतिभा को मिलेंगे नए आयाम
इन खेलों के माध्यम से बच्चों के अंदर छिपी हुई प्रतिभा को नए आयाम मिलेंगे और वे अपना भविष्य भी संवार सकेंगे। जयपुर के बाद अब पत्रिका की ओर से जोधपुर में इसका आयोजन किया जा रहा है। स्कूली खिलाडिय़ों के लिए दौड़, कबड्डी, फुटबॉल व बास्केटबॉल सहित अनेक खेल प्रतियोगिताएं होंगी। प्रतियोगिताओं में विजेताओं को स्वर्णए रजत व कांस्य पदक से सम्मानित किया जाएगा। प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सभी खिलाडिय़ों को प्रमाण पत्र दिए जाएंगे।
मिलेंगे आकर्षक पुरस्कार
- सर्वाधिक प्रतिनिधित्व के लिए स्कूल को ट्रॉफी।
- सबसे ज्यादा मैच जीतने के लिए स्कूल को ट्रॉफी।
- सुपर स्कूल ट्रॉफी, पाई स्कूल ऑलंपिक के ग्रेडिंग सिस्टम के आधार पर स्कूल को ट्रॉफी।