जोधपुर

Jodhpur में एक साल से केरोसिन की अघोषित बंदी

- गैस कनेक्शनों का सर्वे नहीं होने से जरूरतमंद के लिए बंद हो गया नीला तेल - 1200 राशन दुकानों के खातों में बोल रहा एक करोड़ लीटर केरोसिन

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food and supply dept, jodhpur

जोधपुर . रसद विभाग की ओर से राशन कार्ड के संदर्भ में गैस कनेक्शनों की संख्या का निर्धारण नहीं करने से पिछले एक साल से जोधपुर में केरोसिन की अघोषित बंदी हो रखी है। बड़ी बात यह है कि जोधपुर ने इस संबंध में राज्य सरकार को भी अंधेरे में रख रखा है। राज्य सरकार हर महीने जोधपुर के लिए केरोसिन कोटे का आवंटन करती है, जिसे जिला रसद विभाग बगैर उठाव किए ज्यों का त्यों सरकार को वापस लौटा देता है। यह खेल एक साल से चल रहा है। पिछले साल जून 2017 जोधपुर के 1200 राशन की दुकानों पर 1 करोड़ लीटर से अधिक केरोसिन खातों में अधिशेष पड़ा था। इसमें 37 लाख लीटर अकेले जोधपुर शहर का है। रसद विभाग ने इसकी भी कोई जांच नहीं करवाई। वास्तव में इस एक करोड़ लीटर केरोसिन की कालाबाजारी हो चुकी है।

जुलाई से खुद ही तेल नहीं ले रहे अफसर

खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के तत्कालीन प्रमुख शासन सचिव राजीव सिंह ठाकुर ने जुलाई 2017 में प्रदेश के सभी जिला रसद अधिकारियों (डीएसओ) की बैठक ली थी। बैठक में बाड़मेर, उदयुपर, झालावाड़ और प्रतापनगढ़ डीएसओ को छोडक़र सभी ने केरोसिन की जरुरत से इनकार कर दिया। तब पूरे प्रदेश में जुलाई 2017 का केरोसिन आवंटन शून्य कर दिया था। इसके बाद अगस्त में फिर से केरोसिन जारी होने लगा, लेकिन जोधपुर रसद विभाग के घबराए अधिकारियों ने केरोसिन का उठाव करना बंद कर दिया। जोधपुर शहर में ही 2.49 लाख राशन कार्डों पर 3.75 लाख गैस कनेक्शन हैं, लेकिन एक लाख से अधिक राशन कार्डों पर गैस कनेक्शन का कॉलम खाली पड़ा है। रसद विभाग को राशन कार्ड के संदर्भ में गैस कनेक्शनों का सर्वे करना था, लेकिन एक साल बाद भी रसद विभाग ने इस पर चुप्पी साध रखा है। यही कारण है कि पिछले एक साल से सरकार के केरोसिन देने के बावजूद घबराया रसद विभाग केरोसिन उठाता नहीं है। इस चक्कर में कुछजरुरतमंद लोगों को खाना पकाने और प्रकाश व्यवस्था के लिए केरोसिन नहीं मिल पा रहा है।

शहर की राशन दुकानों में पड़ा है 37 लाख लीटर केरोसिन
जोधपुर जिले में हर महीने तकरीबन 10 लाख लीटर केरोसिन का आवंटन होता था, लेकिन सितम्बर 2016 से लेकर जून 2017 के डाटा देखें तो जिले के राशन डीलर्स के पास करीब 37 लाख लीटर केरोसिन अभी भी अधिशेष में है।

अगस्त 2017 से लेकर मई 2018 तक जोधपुर में केरोसिन वितरण
महीना --------आवंटन ------उठाव (मात्रा किलोलीटर में)

अगस्त 2017--------780 -------- शून्य

सितम्बर 2017 --------468 --------शून्य

अक्टूबर 2017 --------468 --------शून्य

नवम्बर 2017 --------468 -------- शून्य

दिसम्बर 2017--------468 --------शून्य

जनवरी 2018 --------372 --------शून्य

फरवरी 2018 --------348 --------शून्य
मार्च 2018 --------312 --------शून्य

अप्रेल 2018 --------312 --------शून्य

मई 2018 --------24 -------- शून्य

(रसद विभाग को पिछले एक साल से केरोसिन मिल रहा है, लेकिन उठाव एक बूंद भी नहीं है।)

गैस कनेक्शन पर कर रहे हैं कार्य

हमारे पास राशन कार्ड के संदर्भ में गैस कनेक्शनों का डाटा उपलब्ध नहीं है। हम इस पर कार्य कर रहे हैं। अधिशेष केरोसिन होगा तो वह खातों में अवश्य बोलेगा। इसकी भी जांच कराई जाएगी।

ओंकार कविया, जिला रसद अधिकारी, जोधपुर

Updated on:
14 May 2018 08:44 pm
Published on:
14 May 2018 11:59 pm