
जोधपुर. सूर्यनगरी में सोमवार शाम से लेकर मंगलवार शाम तक सिंचाई विभाग ने 224.6 मिलीमीटर पानी बरसा जो जुलाई महीने में अब तक की सर्वाधिक बारिश है हालांकि मौसम विभाग ने 123 मिमी बारिश ही मापी है। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार इससे पहले 17 जुलाई 1943 को एक ही दिन में 194.1 मिलमीटर पानी बरसा था तब भीतरी शहर में बाढ़ के हालात हो गए थे। तीन साल पहले 29 जुलाई 2019 को 116.9 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई थी।
अगस्त 2016 में हुई थी आठ इंच
सूर्यनगरी में छह साल बाद चौबीस घण्टे में नौ इंच बारिश दर्ज की गई है। इससे पहले 9 अगस्त 2016 की दोपहर में 12 से लेकर अपराह्न 3 बजे तक मूसलाधार बारिश हुई थी। उस दिन तीन घण्टे में ही 150 मिमी पानी बरस गया। शाम होते-होते दो सौ एमएम से अधिक बारिश हो गई थी।
सडक़ों पर जैसे नदी चल रही थी
सोमवार शाम को 7 बजे से 9 बजे तक दो घण्टे तीन इंच पानी बरसा। आधी रात से शुरू हुआ बारिश का सिलसिला कभी तेज कभी धीमे होकर मंगलवार सुबह तक चलता रहा। इसके कारण जोधपुर-नागौर रोड, मण्डोर, आरपीटीसी के सामने, पावटा सर्किल, मेड़ती गेट-नागौरी गेट रोड, अजीत कॉलोनी, रेजिडेंसी रोड, एमडीएम अस्पताल से शास्त्रीनगर सर्किल रोड सहित कई हिस्सों में पानी नदी की तरह चल रहा था। बरसात रुकने के बाद भी यहां घुटनों तक पानी भरा हुआ रहा।
सब्जी मंडी में एक फीट तक पानी, सब्जियां पानी में बही
लगातार बारिश होने से भदवासिया स्थित सब्जी मंडी में एक फीट तक पानी भर गया। सुबह-सुबह लोडिंग टैक्सी व कैंपर से सब्जियां लेकर मंडी पहुंचे कई किसानों व विक्रेताओं की सब्जियां पानी में बह गई। गाडिय़ों के अंदर पानी घुसने से भी सब्जियां खराब हो गई। बारिश के कारण ठेेले वाले भी सब्जी लेने बमुश्किल पहुंचे।