हैण्डीक्राफ्ट निर्यातक पिछले 2 साल से नहीं दे रहे कमियों का जवाब
जोधपुर. जोधपुर के हैण्डीक्राफ्ट निर्यातकों की लापरवाही के कारण करीब 100 करोड़ के ड्यूटी ड्रॉ बैक क्लेम अटके पड़े हैं। सरकार की ओर से निर्यातकों को निर्यात करने पर प्रोत्साहन रूपी ड्यूटी ड्रॉ बैक क्लेम दिया जाता है। इसके लिए, निर्यातकों को कस्टम विभाग में पूरी प्रक्रिया के साथ ड्रॉ बैक क्लेम लिए आवेदन करना होता है। इस प्रक्रिया में कागजी कमियों के कारण ड्रॉ बैक क्लेम अटके हुए हैं।
लापरवाही ने अटकाए 100 करोड़ के ड्रॉ बैक क्लेम
हैण्डीक्राफ्ट निर्यातक पिछले 2 साल से नहीं दे रहे कमियों का जवाब जोधपुर। जोधपुर के हैण्डीक्राफ्ट निर्यातकों की लापरवाही के कारण करीब 100 करोड़ के ड्यूटी ड्रॉ बैक क्लेम अटके पड़े हैं। सरकार की ओर से निर्यातकों को निर्यात करने पर प्रोत्साहन रूपी ड्यूटी ड्रॉ बैक क्लेम दिया जाता है। इसके लिए, निर्यातकों को कस्टम विभाग में पूरी प्रक्रिया के साथ ड्रॉ बैक क्लेम लिए आवेदन करना होता है। इस प्रक्रिया में कागजी कमियों के कारण ड्रॉ बैक क्लेम अटके हुए हैं।
150 निर्यातकों के 100 करोड़ अटके
जोधपुर के करीब 150 हैण्डीक्राफ्ट निर्यातकों के ड्रॉ बैक क्लेम छोटी-छोटी कागजी खामियों के कारण अटके पड़े हैं। किसी के शिपिंग बिल की कॉपी जमा नहीं है, किसी के बैंक एकाउंट मैच नहीं हो रहे है, किसी के एक्सपोर्ट डिटेल, पहचान संबंधी औपचारिकता पूरी नहीं होना आदि हैं।
लेप्स हो जाएगा फण्ड
कस्टम विभाग के आयुक्त एससी अग्रवाल ने जोधपुर हैण्डीक्राफ्ट एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन को पत्र लिख बताया कि अगर निर्यातकों ने तय समय सीमा तक अधूरी कमियों का निस्तारण नहीं किया तो, इस योजना के लिए निर्धारित फण्ड सरकार के खाते से लेप्स हो जाएगा । पत्र के अनुसार, निर्यातकों ने पिछले २ सालों से कमियों का जवाब नहीं दिया । जबकि इनमें से कुछ निर्यातको ने तो 3 साल से भी अधिक समय से जवाब ही नहीं दिया हैं।
सीएचए से कराए केस का निपटारा
निर्यातक मनीष झंवर ने बताया कि ड्रॉ बैक के लिए निर्यातकों के कस्टमस हाउस एजेन्ट (सीएचए) सभी डॉक्यूमेंटेशन का काम करते है । सीएचए ही ड्रॉ बैक फ ाइल करते हैं व कमियों का जवाब भी देते हैं। इस संबंध में निर्यातकों को सीएचए से अपने क्लेम के लिए जानाकरी लेकर केस का निपटारा करवाना चाहिए ।
सदस्यों को सूचना दे दी
जोधपुर हैण्डीक्राफ्ट्स एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन के उपाध्यक्ष महावीर बागरेचा ने बताया कि कस्टम विभाग से ड्रॉ बैक ड्यू की सूची प्राप्त हुई है। एसोसिएशन की ओर से सभी सदस्यों को इस सम्बंध में अपनी-अपनी कमियों के निस्तारण के लिए सूचना दे दी गई है।