
प्रमुख शासन सचिव ने सभी जिला कलक्टरों को पेंडिंग कार्यों की राशि उपयोग करने के दिए निर्देश
के. आर. मुंडियार
जोधपुर.
प्रदेश में नवगठित सरकार पूर्ववर्ती भाजपा सरकार के माननीयों के पेंडिंग कार्यों की गाड़ी खींचेगी। सरकार अब पूर्ववर्ती भाजपा सरकार के विधायक मद के बकाया कार्यों को करवाएगी। ग्रामीण विकास व पंचायतीराज विभाग के प्रमुख शासन सचिव ने 19 दिसम्बर को जारी आदेश में सभी जिला कलक्टरों को सांसद व विधायक निधि कोष के पेंडिंग कार्यों की अविलम्ब वित्तीय स्वीकृतियां जारी कर योजनान्तर्गत उपलब्ध राशि का उपयोग करने के निर्देश दिए हैं।
जोधपुर व डूंगरपुर में कोई पेंडेंसी नहीं
प्रदेश के दूसरे बड़े शहर जोधपुर की उपेक्षा को लेकर चुनावी साल में सवाल खड़े होते रहे। लेकिन चुनावी साल में जोधपुर में सांसद व विधायक मद का एक भी कार्य पेंडिंग नहीं रहा। सभी कार्य शुरू कर दिए गए। प्रदेश में डूंगरपुर जिले में भी कोई कार्य पेंडिंग नहीं हैं। माना जा रहा है कि दोनों ही जिलों में अफसरों की सतर्कता से सभी कार्य शुरू कर दिए गए।
कार्यों के पेंडिंग रहने के यह रहे कारण
-जिला प्रशासन व जिला परिषद के अधिकारियों की उदासीनता।
-प्रदेश में बजरी खनन पर रोक के कारण बजरी का संकट।
विधायक निधि के कार्यों की स्थिति
विधायक स्थानीय क्षेत्र विकास योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष 2018-19 में प्रदेश में अनुशंषित कुल 17820 कार्यों (61663.00 लाख) की प्रशासनिक स्वीकृति के विरुद्ध 18 दिसम्बर 2018 तक 12438 कार्यों (43879.00 लाख) की वित्तीय स्वीकृतियां जारी हुई। साथ ही स्वीकृत कार्यों में से 4509 कार्य अप्रारम्भ हैं।
सांसद निधि के कार्यों की स्थिति
सांसद स्थानीय क्षेत्र विकास योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष 2018-19 में प्रदेश में अनुशंषित कुल 4992 कार्यों (23125.00 लाख) की प्रशासनिक स्वीकृति के विरुद्ध 18 दिसम्बर 2018 तक 2587 कार्यों (12127.00 लाख) की वित्तीय स्वीकृतियां जारी हुई। साथ ही स्वीकृत कार्यों में से 958 कार्य अप्रारम्भ हैं।
लोकसभा चुनाव से पहले पुराने काम ही हो पाएंगे-
जानकारों का मानना है कि प्रदेश में नवगठित सरकार के समक्ष कई आर्थिक चुनौतियां हैं। सरकार का बजट आगामी अप्रेल में प्रस्तावित है। इससे पहले लोकसभा चुनाव की आचार संहिता लगने के कारण सरकार का पहला बजट भी प्रभावित होगा। ऐसे में प्रदेश सरकार लोकसभा चुनाव से पहले प्रदेश में कोई नया काम या योजना शुरू नहीं कर पाएगी।
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विधायक निधि के कार्यों की जिलावार स्थिति
जिला-- स्वीकृत कार्य-- वित्तीय स्वीकृति-- अप्रारम्भ
अजमेर 649 - 461 - 175
अलवर 1086 - 682 - 352
बांसवाड़ा 684 - 348 - 18
बारां 392 - 392 - 103
बाड़मेर 514 - 398 - 69
भरतपुर 365 - 249 - 160
भीलवाड़ा 705 - 506 - 216
बीकानेर 308 - 279 - 01
बूंदी 351 - 279 - 42
चित्तौडगढ़़ 586 - 418 - 114
चुरू 453 - 283 - 186
दौसा 491 - 257 - 94
धौलपुर 435 - 346 - 58
डूंगरपुर 728 - 692 - 00
गंगानगर 377 - 226 - 65
हनुमानगढ़ 287 - 251 - 106
जयपुर 2301 - 1338 - 894
जैसलमेर 187 - 96 - 16
जालौर 340 - 282 - 143
झालावाड़ 316 - 256 - 83
झुन्झुनू 791 - 618 - 140
जोधपुर 611 - 593 - 00
करौली 200 - 179 - 50
कोटा 347 - 256 - 144
नागौर 1029 - 707 - 148
पाली 460 - 369 - 224
प्रतापगढ़ 176 - 93 - 83
राजसमंद 239 - 186 - 131
सवाईमाधोपुर 337 -168 - 110
सीकर 949 - 508 - 290
सिरोही 114 - 70 - 10
टोंक 337 - 181 - 142
उदयपुर 675 - 471 - 142