
जोधपुर.
पूर्व राज्यमंत्री और भोपालगढ की पूर्व विधायक कमसा मेघवाल के पति बंशीलाल द्वारा गांव रतकुडिया में किए गए मकान के निर्माण कार्य को गलत मानते हुए जिला एवं सत्र न्यायालय जोधपुर जिला चन्द्रकुमार सोनगरा ने बेचाननामे को निरस्त किया है। विधायक पति द्वारा 2016 में किए गए निर्माण को गलत मानते हुए निर्माण हटाने के आदेश दिए हैं। इस मामले में पूर्व में स्थगन आदेश था। अवैध निर्माण नहीं हटाने पर प्रतिवादी के खर्चे से निर्माण हटाने का आदेश दिया।
भोपालगढ़ स्थित रतकुडिय़ा निवासी मोहनराम मेघवाल की ओर से अधिवक्ता कानाराम गोदारा व महीराम विश्नोई ने न्यायालय के समक्ष दावा प्रस्तुत कर बताया कि उसकी सामलाती खातेदारी भूमि रतकुडिया में आई हुई है। भूमि का बंटवारा नहीं हुआ था उसके बावजूद उस भूमि में से एक बडा भूखण्ड सोहनराम ने मिलीभगत कर बंशीलाल को बेचान कर दिया। इस मामले में उपखण्ड अधिकारी पीपाड द्वारा स्थगन आदेश पारित किया हुआ था। प्रतिवादी ने राजनीतिक दबाव से निर्माण पूरा करवा लिया। प्रतिवादी के अधिवक्ता और बेचानकर्ता द्वारा जवाब प्रस्तुत करते हुए यह बताया गया कि बंटवारा पूर्व में हो चुका है। पत्रावली पर आई साक्ष्य और दोनों पक्षों को सुनकर न्यायालय ने बेचाननामा निरस्त करते हुए अवैध निर्माण हटाने के आदेश दिए हैं।