
जोधपुर. फलोदी उपखण्ड के खीचन गांव के युवा इंजीनियर गोविन्द राजपुरोहित को जब कम्पनी के काम के सिलसिले में ग्रामीण क्षेत्रों में जाने का मौका मिला, तो उन्हें वहां किसानों व पशुपालकों की समस्याओं को जानकर अचरज हुआ कि उनकी समस्याओं का समाधान करने वाला कोई नहीं है। इसके बाद गोविन्द ने किसानों व पशुपालकों की समस्याओं के नि:शुल्क सामाधान के लिए ‘डेयरी ज्ञान डॉट इन’ वेबसाइट बनाकर वाट्सएप का रास्ता चुना और अब तक उनकी टीम ने करीब 25 हजार को निशुल्क लाभान्वित किया है।
ऐसे होता है समस्या का समाधान
राजपुरोहित ने बताया कि देश के किसी भी हिस्से में बैठे किसान या पशुपालक हमारे नंबर पर कॉल करके या वाट्सएप पर अपनी कृषि व पशुपालन से संबंधित समस्या बता सकते हैं। आवश्यकता होने पर फसल के लक्षण, कीट या गाय, भैंस के बीमार होने या अन्य समस्या का लेकर फोटो वाट्सएप पर मंगवाते है। एक्सपर्ट व सर्टिफाइड चिकित्सक से बात करके किसान व पशुपालक को समस्या का समाधान बताते हैं।
प्रत्येक गांव में बनाए जाएंगे कैप्टन
राजपुरोहित ने बताया कि किसानों व पशुपालकों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए प्रत्येक गांव में डेयरी कैप्टन बनाए जाएंगे, जो किसानों को नि:शुल्क सेवाएं देंगे।