RAS Result 2024: जोधपुर जिले के बालेसर और शेरगढ़ क्षेत्र के युवाओं ने राजस्थान प्रशासनिक सेवा (RAS) 2024 के परिणाम में शानदार सफलता हासिल कर नई मिसाल पेश की है। खास बात यह रही कि इन प्रतिभाशाली अभ्यर्थियों ने नौकरी के साथ तैयारी करते हुए कठिन परिश्रम और दृढ़ संकल्प के दम पर टॉप रैंकों में जगह बनाई।
जोधपुर। जिले के बालेसर और शेरगढ़ क्षेत्र के युवाओं ने राजस्थान प्रशासनिक सेवा (RAS) 2024 परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए क्षेत्र का नाम रोशन किया है। खास बात यह रही कि इन प्रतिभाओं ने नौकरी के साथ-साथ कड़ी मेहनत और दृढ़ संकल्प के दम पर यह सफलता हासिल की है। परिणाम घोषित होते ही पूरे इलाके में खुशी की लहर दौड़ गई और जगह-जगह बधाइयों का दौर शुरू हो गया।
बालेसर के ढांढणिया भायला निवासी मंगलाराम पालियाल ने इस बार 132वीं रैंक हासिल कर सबका ध्यान अपनी ओर खींचा है। मंगलाराम वर्ष 2018 से 2023 तक राजस्थान पुलिस में सेवाएं दे चुके हैं और वर्तमान में शिक्षक के पद पर कार्यरत हैं। इससे पहले वर्ष 2021 में उन्होंने 578वीं रैंक प्राप्त की थी, लेकिन इस बार कड़ी मेहनत से बड़ा सुधार करते हुए टॉप रैंक में जगह बनाई।
नगरपालिका क्षेत्र बालेसर हिम्मतनगर के चंदन सिंह इंदा ने बुलंद हौसले एवं कड़ी मेहनत से लगातार तीसरी बार प्रयास में राजस्थान प्रशासनिक सेवा के मुख्य परीक्षा 2024 परिणाम में राजस्थान में 14 वीं रैंक एवं जोधपुर जिले में तीसरा स्थान प्राप्त किया है। इस सफलता का श्रेय उन्होंने अपने माता-पिता व अपने परिवार को दिया है।
हिम्मतनगर में ढाणियों में रहने वाले किसान परिवार दौलत सिंह इंदा के पुत्र चंदन सिंह इंदा की मेहनत एवं लगन से वर्ष 2008 में एयरपोर्ट में चयन हुआ था। एयरफोर्स में नौकरी करते हुए चंदन सिंह इंदा ने उपखण्ड अधिकारी बनने का एक सपना देखा। तथा राजस्थान प्रशासनिक सेवा की परीक्षा की तैयारी शुरू की।
वर्ष 2021 में प्रथम प्रयास में चंदन सिंह को 221 वीं रैंक मिली। तब एयरपोर्ट से इस्तीफा देकर राजस्थान लेखा सेवा में जॉइनिंग की तथा वर्तमान में जिला परिषद डूंगरपुर में कार्यरत थे। इस बीच उन्होंने 2023 में फिर से प्रयास किया तो 115 वीं रैंक मिली। तथा राजस्थान तहसील सेवा में जॉइनिंग मिली लेकिन वहां पर भी पद ग्रहण नहीं किया और लगातार मेहनत और प्रयास जारी रखा।
उनकी कड़ी मेहनत का परिणाम शनिवार को राजस्थान प्रशासनिक सेवा 2024 के परिणाम में मिला एवं प्रदेश में टॉप 20 में 14 वीं रैंक मिली तथा जोधपुर जिले में तीसरे स्थान पर रहे। जैसे ही चंदन सिंह इंदा को परीक्षा परिणाम में 14 वीं रैंक की जानकारी मिली तो उनका खुशी का ठिकाना नहीं रहा।
वहीं, बालेसर के जुडिया निवासी प्रतापसिंह भाटी ने 464वीं रैंक हासिल कर पटवारी से आरएएस अधिकारी बनने का सपना पूरा किया। सेना से सेवानिवृत्त पिता के बेटे प्रतापसिंह ने नौकरी के साथ तैयारी जारी रखी और सफलता हासिल की। उनके परिवार में भी शिक्षा और सेना से जुड़े सदस्य हैं, जिससे उन्हें प्रेरणा मिलती रही।
इसी क्रम में बालेसर पंचायत समिति के सिंहादा गांव के उम्मेद चारण ने 372वीं रैंक प्राप्त की। वे स्वामी विवेकानंद मॉडल स्कूल में लैब असिस्टेंट के पद पर कार्यरत हैं। नौकरी की जिम्मेदारियों के साथ पढ़ाई जारी रखते हुए उन्होंने यह मुकाम हासिल किया, जो अन्य युवाओं के लिए प्रेरणा बन गया है।
उधर, शेरगढ़ निवासी गोपालसिंह महेचा ने राजस्थान प्रशासनिक सेवा (RAS) 2024 परीक्षा में 485वीं रैंक हासिल कर क्षेत्र का नाम रोशन किया है। राजस्थान लोक सेवा आयोग द्वारा परिणाम घोषित होते ही शेरगढ़ विधानसभा क्षेत्र में खुशी का माहौल बन गया और लोगों ने एक-दूसरे को बधाइयां दीं।
गोपालसिंह की यह सफलता उनकी कड़ी मेहनत और दृढ़ संकल्प का परिणाम है। वर्ष 2023 में भी उन्होंने RAS प्री-परीक्षा उत्तीर्ण की थी, लेकिन मुख्य परीक्षा में सफलता नहीं मिल पाई थी। इसके बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और लगातार प्रयास जारी रखते हुए 2024 में बेहतर प्रदर्शन कर यह उपलब्धि हासिल की।
गोपालसिंह के पिता अभय सिंह एक निजी कंपनी में कार्यरत हैं, जबकि उनकी माता गृहिणी हैं। बेटे की इस उपलब्धि से परिवार में खुशी का माहौल है और रिश्तेदारों व परिचितों द्वारा शुभकामनाओं का तांता लगा हुआ है।
राजस्थान प्रशासनिक सेवा परीक्षा-2024 के परिणाम घोषित होते ही आऊ क्षेत्र में जश्न का माहौल बन गया। इस बार क्षेत्र के दो युवाओं ने सफलता प्राप्त की है। रड़का बेरा निवासी सुनील पुत्र दिलीप कुमार पंचारिया ने अपने पहले ही प्रयास में 354वीं रैंक हासिल की। सुनील का हाल ही में पटवारी पद पर भी चयन हुआ था। साधारण किसान परिवार से आने वाले सुनील के पिता खेती करते हैं, जबकि माता गृहिणी हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद उनकी मेहनत और लगन ने उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाया।
वहीं, आऊ की बेजारों की ढाणी निवासी नरसीराम पुत्र टीकूराम ने 1397वीं रैंक प्राप्त की है। नरसीराम की प्रारंभिक शिक्षा गांव के सरकारी विद्यालय में हुई।