
जोधपुर।
रेलवे बोर्ड ने टिकटिंग से जुड़े नियमों में बदलाव किया है। जिसके तहत, अगर यात्री द्वारा याात्रा के बोर्डिंग स्टेशन में बदलाव किया जाता है, तो टिकट कैन्सिल कराने पर रिफण्ड नहीं मिलेगा। यह नियम आगामी १ मई से लागू होगा। 1 मई से ट्रेन के चार्ट बनने से चार घंटे पहले तक यात्री अपना बोर्डिंग स्टेशन बदलवा सकेंगे। अभी इसे सिर्फ 24 घंटे पहले तक ही बदला जा सकता है। रेलवे बोर्ड की निदेशक (यात्री विपणन) शैली श्रीवास्तव ने उत्तर पश्चिम रेलवे सहित सभी 17 जोनों का निर्देश जारी किए है। सेंटर फ ोर रेलवे इंफॉर्मेशन सिस्टम (क्रिस) द्वारा पैसेंजर रिजर्वेशन सिस्टम ( पीआरएस) के सॉफ्टवेयर को अपडेट किया जा रहा है।
यह बदलाव भी हुए
- रिजर्वेशन काउंटर पर जाने की जरूरत नहीं
बोर्डिंग स्टेशन बदलने के लिए यात्री को रिजर्वेशन काउंटर जाने की जरूरत नहीं होगी। रेलवे इंक्वायरी नम्बर 139 पर कॉल और मैसेज तथा आइआरसीटीसी की वेबसाइट पर भी बोर्डिंग स्टेशन बदल सकेंगे।
- टिकट के बाद भी बोर्डिंग स्टेशन चेंज
अगर यात्री ने टिकट बुक कराते समय बोर्डिंग स्टेशन का चयन किया है लेकिन वह बाद में इसमें बदलाव करना चाहता है। तो 1 मई से यह बदलाव दोबारा भी कर सकेंगे। जबकि अभी टिकट बुकिंग के दौरान बोर्डिंग स्टेशन का चयन करने के बाद दोबारा बोर्डिंग स्टेशन में बदलाव नहीं कर सकते है।
- सीट खाली होने पर नहीं लगेगी पेनल्टी
बोर्डिंग स्टेशन बदलने के बाद भी यात्री पूर्ववत स्टेशन से ही सफ र कर सकता है। हालांकि इसके लिए यह शर्त होगी कि रिजर्व की गई बर्थ खाली हो। यह सुविधा बिना अतिरिक्त शुल्क और पेनल्टी राशि के मिलेगी।