
जोधपुर. पाली जिले के सुमेरपुर में एमओ मोबिलिटी बिल के भुगतान व कारण बताओ नोटिस फाइल करने के बदले १७ हजार रुपए रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार होने वाले ब्लॉक सीएमएचओ व वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी को रविवार को न्यायिक अभिरक्षा में भेजने के आदेश दिए गए। कोविड-१९ जांच रिपोर्ट आने तक उन्हें पाली जिले के कोतवाली थाने में रखा गया है।
एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भोपालसिंह लखावत ने बताया कि प्रकरण में गिरफ्तार सुमेरपुर के साकेत नगर निवासी ब्लॉक सीएमएचओ व वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ शरद कुमार सक्सेना को पाली में भ्रष्टाचार निरोधक मामलात की विशेष अदालत के मजिस्ट्रेट के समक्ष आवास पर पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेजने के आदेश दिए। कोर्ट में पेश करने से पहले बीसीएमएचओ की कोविड-१९ जांच के लिए सैम्पल लिए गए। जिसकी जांच रिपोर्ट नहीं मिल पाई है। एेसे में उसे पाली जिले में कोतवाली थाने की हवालात में रखने के लिए सुपुर्द किया गया। मकान की तलाशी में एसीबी को कुछ एफडीआर मिली हैं। जिनकी जांच की जा रही है।