
जोधपुर. समय पर अस्पताल आना और पूरे मरीज संतोषजनक रूप से न देख लें, तब तक घर नहीं जाना। जोधपुर, बाड़मेर व जैसलमेर समेत कई आसपास के कई जिलों के मरीज इनके नाम से जोधपुर उम्मेद अस्पताल में दिखाने आते थे। मरीज का मर्ज पकड़ में न आने तक जांच पर जांच कराने वाली डॉ. एसएन मेडिकल कॉलेज के गायनी विभाग की पूर्व एचओडी उमा बिस्सा का सोमवार रात एमजीएच अस्पताल के आईसीयू में देहांत हो गया। वे लंबे समय से कैंसर बीमारी से जूझ रही थी।
उनके संस्मरण याद करते हुए गायनी विभाग के सीनियर प्रोफेसर डॉ. बीएस जोधा ने बताया कि उनका का कार्य के प्रति समर्पण आज के लिए डॉक्टर्स के लिए प्रेरणास्रौत है। डॉ. बिस्सा सदैव कहती थी कि मरीज की यदि बराबर सेवा कर दी तो एक डॉक्टर्स की रेपुटेशन तो अपनेआप बन जाती है। उनके मरीजों के प्रति समर्पण भाव से की गई सेवा से ही उन्होंने जोधपुर के चिकित्सा जगत में एक बड़ा मुकाम पाया। उनके निधन के बाद जोधपुर के पूरे चिकित्सा जगत में शोक की लहर छा गई। डॉ. बिस्सा साल 2015 में एचओडी पद से सेवानिवृत्त हुई थीं।