
जोधपुर।
महिला बाल विकास, जन अभाव निराकरण, अल्पसंख्यक मामलात वफ्फ विभाग राज्यमंत्री ममता भूपेश ने कहा कि सरकार की ओर से महिला सशक्तिकरण के लिए दी गई इंदिरा महिला शक्ति योजना अर्थात ‘आइ एम शक्ति ’ निधि के लाभ से महिलाएं आगे बढेगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने राज्य में महिला स्वरोजगार व स्वावलंबन के लिए 1 हजार करोड़ रुपए का प्रावधान किया है। जिसमें प्रतिवर्ष 200 करोड़ रुपए व्यय किए जाने का लक्ष्य रखा गया है। रावण का चबूतरा मैदान पर चल रहे हस्तशिल्प उत्सव में बुधवार को आयोजित महिला सशक्तिकरण व उत्थान कार्यशाला में बतौर मुख्य अतिथि महिला बाल विकास मंत्री ममता भूपेश ने बताया कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के निर्देशानुसार सरकार द्वारा एक हजार करोड़ रुपए की इंदिरा महिला शक्ति निधि प्रदान की गई है। जिसके द्वारा महिलाओं के लिए शिक्षा, व्यापार के लिए लोन आदि उपलब्ध करवाकर उनके सशक्तिकरण के प्रयास किए जा रहे है। उन्होंने भू्रण हत्या की निंदा करते हुए भ्रूण हत्या मुक्त राजस्थान व घूंघट मुक्त राजस्थान बनाने की अपील की।
आर्टिजन कार्ड वितरित किए
कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास राज्य मंत्री ममता ने महिला रोजगार एवं स्वावलंबन के लिए प्रेरित करने के लिए महिलाओं को प्रशस्ति पत्र व आर्टिजन कार्ड वितरित किए। समारोह अध्यक्ष शहर विधायक मनीषा पंवार ने कहा कि इस प्रकार की कार्यशालाओं के माध्यम से राज्य सरकार द्वारा महिलाओं के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी मिलती है। पूर्व महापौर डॉ ओमकुमारी गहलोत ने महिला सशक्तिकरण पर जोर दिया। महिला एवं बाल विकास के उप निदेशक दलवीरसिंह ढडड ने विभागीय योजनाओं की जानकारी दी। उत्सव संयोजक सुनील परिहार ने महिलाओं से राज्य सरकार की लघु उद्यमी प्रोत्साहन योजना का लाभ लेने का आग्रह किया।