कांकेर

कांकेर में भालू ने 2 ग्रामीणों को मार डाला, फिर शव नोच-नोचकर खाता रहा, इलाके में दहशत

Bear Attack in Kanker: छत्तीसगढ़ के कांकेर में भालू ने तीन ग्रामीणों पर हमला कर दिया। दो लोगों की मौत हो गई, एक महिला गंभीर घायल है। घटना के बाद भालू शव के पास डटा रहा, जिससे इलाके में दहशत फैल गई।
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Aug 05, 2026
Wild Bear Attack India
कांकेर में भालू का खूनी हमला (फोटो सोर्स- पत्रिका)

Kanker Bear Attack: छत्तीसगढ़ में भालुओं के हमले की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। ताजा मामला कांकेर जिले के नरहरपुर वन परिक्षेत्र अंतर्गत लार गांव मरकाटोला का है, जहां बुधवार को एक भालू ने तीन ग्रामीणों पर जानलेवा हमला कर दिया। इस दर्दनाक घटना में दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। घायल महिला को उपचार के लिए जिला चिकित्सालय कांकेर में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल है।

मिली जानकारी के अनुसार, मृतकों की पहचान हलाल जुर्री (36 वर्ष) और गौरसे बाई (34 वर्ष) के रूप में हुई है, जबकि खोरीन बाई गंभीर रूप से घायल हैं।

भाई को बचाने पहुंचीं बहनें, भालू ने तीनों पर किया हमला

बताया जा रहा है कि भालू ने सबसे पहले हलाल जुर्री पर अचानक हमला कर दिया। भाई की चीख-पुकार सुनकर उसे बचाने के लिए उसकी दोनों बहनें दौड़कर पहुंचीं, लेकिन भालू ने उन पर भी हमला कर दिया। हमले में तीनों गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों ने उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन तब तक दो लोगों की मौके पर ही मौत हो चुकी थी।

शव के पास डटा रहा भालू, नोचता रहा शव

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हमला करने के बाद भी भालू काफी देर तक घटनास्थल पर ही डटा रहा और मृतकों के शवों को नोचता रहा। भालू के डर से ग्रामीण उसके पास जाने की हिम्मत नहीं जुटा सके। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें भालू शव के पास दिखाई दे रहा है। वीडियो सामने आने के बाद इलाके में दहशत और बढ़ गई है।

हाई स्कूल और कन्या छात्रावास के पास हुई घटना

घटना गांव के हाई स्कूल और कन्या छात्रावास के बेहद करीब हुई, जिससे विद्यार्थियों, अभिभावकों और ग्रामीणों में भय का माहौल है। लोगों का कहना है कि यदि भालू आबादी वाले क्षेत्र में लगातार घूम रहा है तो बच्चों की सुरक्षा पर बड़ा खतरा मंडरा रहा है।

वन विभाग और प्रशासन मौके पर पहुंचा

घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और स्थानीय प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने पूरे क्षेत्र की घेराबंदी कर भालू की निगरानी शुरू कर दी है। ग्रामीणों को जंगल और आसपास के इलाकों में अकेले नहीं जाने की सलाह दी गई है। साथ ही भालू को आबादी वाले क्षेत्र से दूर खदेड़ने अथवा आवश्यक कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।

ग्रामीणों ने उठाई कार्रवाई की मांग

ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में लंबे समय से भालुओं की आवाजाही बनी हुई है, लेकिन वन विभाग की ओर से प्रभावी कदम नहीं उठाए गए। अब जब स्कूल और छात्रावास के पास इतनी बड़ी घटना हो गई है, तो बच्चों की सुरक्षा सबसे बड़ी चिंता बन गई है। ग्रामीणों ने वन विभाग से भालू को जल्द पकड़ने, स्कूल और छात्रावास के आसपास सुरक्षा बढ़ाने तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है।

लगातार बढ़ रहे भालू के हमले

छत्तीसगढ़ के वन क्षेत्रों से लगे गांवों में भालुओं के हमले लगातार बढ़ रहे हैं। जंगलों में भोजन की कमी और मानव बस्तियों के विस्तार के कारण जंगली जानवर आबादी वाले इलाकों की ओर आ रहे हैं। वन विभाग ने लोगों से सतर्क रहने, अकेले जंगल नहीं जाने और भालू दिखाई देने पर तत्काल सूचना देने की अपील की है।

Updated on:
05 Aug 2026 06:18 pm
Published on:
05 Aug 2026 05:29 pm