Anti corruption team arrested SI कानपुर देहात में दरोगा के खिलाफ एसपी ने क्षेत्राधिकारी को जांच करने के निर्देश दिए हैं। जिसे एंटी करप्शन की टीम ने गिरफ्तार किया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद दरोगा के खिलाफ विभागीय कार्रवाई होगी।
Anti corruption team arrested SI उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात पुलिस के लिए साल 2025 का पहला दिन अच्छा नहीं रहा। जब एंटी करप्शन टीम ने एक दरोगा को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। इस संबंध में प्रेस नोट जारी करते हुए भ्रष्टाचार निवारण संगठन की कानपुर इकाई बताया कि दरोगा अदालत में आरोप पत्र दाखिल करना था। जिसके लिए उसने रिश्वत की मांग की थी। रिश्वत देते समय दरोगा को रंगे हाथ गिरफ्तार किया। मामला कानपुर देहात के रूरा थाना क्षेत्र का है। एसपी ने क्षेत्राधिकारी सदर को जांच के निर्देश दिए हैं।
उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात के रूरा थाना के दरोगा यशपाल सिंह को अदालत में आरोप पत्र दाखिल करना था। मामला मारपीट से जुड़ा हुआ है। थाना क्षेत्र के अंदाया गांव ज्ञान सिंह ने बीते 21 अगस्त 2024 को मारपीट का मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें उसने कुलदीप, राम शंकर, ललित, सीता, लक्ष्मी को नामजद किया था। 29 सितंबर को दूसरे पक्ष की तरफ से सरिता ने ज्ञान सिंह, प्रवेश, सोनू, प्रवीण, ललिता, जयकुमार के खिलाफ मामला दर्ज कर दिया। जिसकी विवेचना दरोगा यशपाल सिंह यादव निवासी धूमरी थाना अलीगंज एटा कर रहे थे।
आरोप पत्र में महिलाओं के नाम हटाने और न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल करने के लिए सरिता से 20 हजार रुपए की मांग की गई थी। सरिता का कहना था कि उसके परिवार के लड़कियों को गलत तरीके से नामजद किया गया है। जिसे सही करने के लिए दरोगा से बातचीत कर रही थी। लेकिन दरोगा ने कहा कि पैसा मिलने के बाद ही सही किया जाएगा। दरोगा से परेशान सरिता ने भ्रष्टाचार निवारण संगठन से संपर्क किया। इस संबंध में एक गोपनीय जांच भी कराई गई।
इंस्पेक्टर अर्चना शुक्ला की अगुवाई में दरोगा को रंगे हाथ पकड़ने की योजना बनाई गई। टीम ने डीएम कार्यालय से दो सरकारी गवाहों को भी अपने साथ लिया। टीम के कहने पर सरिता ने दरोगा को फोन कर बताया कि उसके पास 10 हजार रुपए तैयार हैं। इस पर दरोगा ने कहा कि ठीक है इतने पैसे ही लेकर चले आओ। योजना के अनुसार सरिता 10 हजार रुपए लेकर दरोगा यशपाल सिंह यादव को देने गई।
एंटी करप्शन टीम ने 10 हजार रुपए जेब में रखते समय रंगे हाथ पकड़ लिया और अपने साथ लेकर अकबरपुर कोतवाली आ गई। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक बीबीजीटीएस मूर्ति ने बताया कि क्षेत्राधिकारी नगर प्रिया सिंह को जांच के निर्देश दिए गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद दरोगा के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।