Holi Festival: रंग,गुलाल और उमंग के बीच इस बार शहरवासियों को पानी की एक बूंद के लिए भी तरसना नहीं पड़ेगा। होली और गंगा मेले को लेकर जलकल विभाग ने ऐसा मेगा प्लान तैयार किया है, जो त्योहार की रफ्तार से कदम मिलाकर चलेगा। 2, 4 और 5 मार्च को होली तथा 10 मार्च को […]
Holi Festival: रंग,गुलाल और उमंग के बीच इस बार शहरवासियों को पानी की एक बूंद के लिए भी तरसना नहीं पड़ेगा। होली और गंगा मेले को लेकर जलकल विभाग ने ऐसा मेगा प्लान तैयार किया है, जो त्योहार की रफ्तार से कदम मिलाकर चलेगा। 2, 4 और 5 मार्च को होली तथा 10 मार्च को गंगा मेला—इन चारों खास दिनों में शहर में तीन टाइम भरपूर पानी की सप्लाई की जाएगी।
होलियारों की मस्ती में नहीं पड़ेगा खलल -
जलकल जीएम आनंद कुमार त्रिपाठी ने बताया कि इस बार होली के साथ रमजान का पवित्र महीना भी चल रहा है, इसलिए जलापूर्ति को लेकर विशेष संवेदनशीलता और सतर्कता बरती जा रही है। शहरवासियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पानी की आपूर्ति का विशेष शेड्यूल तैयार किया गया है। इसके तहत सुबह 6 से 9 बजे, दोपहर 1 से 3 बजे और शाम 6 से 8 बजे तक नियमित जलापूर्ति होगी। खासतौर पर दोपहर में दी जाने वाली अतिरिक्त सप्लाई से होलियारों की मस्ती में कोई कमी नहीं आएगी और लोग बेफिक्र होकर रंगों का आनंद ले सकेंगे।
आपात स्थिति से निपटने की है पूरी तैयारी -
जलकल जीएम आनंद कुमार त्रिपाठी ने बताया कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए 160 पानी के टैंकर रिजर्व में रखे गए हैं। शहर की बस्तियों में सुबह से ही टैंकरों के जरिए जलापूर्ति शुरू कर दी जाएगी। सीधी जलापूर्ति वाले नलकूपों को न्यूनतम रेस्ट देते हुए लगातार चलाने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि प्रेशर बना रहे और पानी हर गली-मोहल्ले तक पहुंचे। तेज प्रेशर से पानी की सप्लाई की जाएगी, जिससे लोग खुलकर रंग खेल सकें। होली खेलने वालों के लिए जरूरत पड़ने पर विशेष रूप से टैंकर भेजे जाएंगे।जलापूर्ति से जुड़ी किसी भी समस्या के त्वरित समाधान के लिए जलकल कार्यालय के कंट्रोल रूम में कर्मचारियों की तैनाती रहेगी, वहीं जोनवार क्विक रिस्पांस टीमें भी 24 घंटे मुस्तैद रहेंगी।