Uttar Pradesh Rainfall Update:आईएमडी के अनुसार Kanpur समेत उत्तर प्रदेश में बारिश से गर्मी से राहत मिली। कई जिलों में वर्षा दर्ज हुई, तापमान गिरा। अगले 24–48 घंटों में भी बारिश की संभावना, लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई।
कानपुर। India Meteorological Department (आईएमडी) के लखनऊ केंद्र द्वारा जारी ताजा मौसम रिपोर्ट के अनुसार उत्तर प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट ली है। रविवार शाम जारी रिपोर्ट में प्रदेश के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई, जिससे लोगों को भीषण गर्मी और उमस से बड़ी राहत मिली है। खासतौर पर Kanpur में सबसे अधिक वर्षा रिकॉर्ड की गई, जिसने मौसम को पूरी तरह सुहावना बना दिया।
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार कानपुर में 35.6 मिमी तक बारिश दर्ज की गई। वहीं कानपुर एयरफोर्स स्टेशन पर 33.2 मिमी वर्षा रिकॉर्ड हुई। तेज बारिश के चलते शहर के कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे यातायात प्रभावित हुआ और लोगों को आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कई जगहों पर सड़कों पर पानी भरने से वाहन चालकों को सावधानी बरतनी पड़ी।
राजधानी Lucknow में भी मौसम ने राहत दी। यहां अमौसी एयरपोर्ट पर 17 मिमी वर्षा दर्ज की गई। इसके अलावा Ayodhya में 21 मिमी, Banda में 26 मिमी, Fursatganj में 16.4 मिमी और Hardoi में 11 मिमी बारिश दर्ज की गई। Mathura, Mainpuri और Barabanki समेत कई जिलों में हल्की बारिश देखने को मिली।
आईएमडी के अनुसार प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अधिकतम तापमान सामान्य से कम दर्ज किया गया है। कई स्थानों पर तापमान में 2 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट आई है, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली है। वहीं न्यूनतम तापमान में भी कुछ इलाकों में हल्की गिरावट दर्ज की गई है, जिससे मौसम अपेक्षाकृत सुहावना बना हुआ है।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि प्रदेश में यह बदलाव पश्चिमी विक्षोभ और स्थानीय मौसमी गतिविधियों के सक्रिय होने के कारण हुआ है। इसके चलते वातावरण में नमी बढ़ी और बादलों का निर्माण हुआ, जिससे बारिश का सिलसिला शुरू हुआ। विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले 24 से 48 घंटों में भी प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छाए रहने, गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना बनी हुई है।
मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। खासकर उन क्षेत्रों में जहां जलभराव या बिजली गिरने की आशंका हो सकती है, वहां विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है। किसानों के लिए यह बारिश फायदेमंद मानी जा रही है, इससे फसलों को नमी मिलेगी और सिंचाई की जरूरत कम होगी। वहीं शहरी क्षेत्रों में जलनिकासी व्यवस्था को लेकर प्रशासन की तैयारियों की भी परीक्षा हो रही है।