कासगंज

दलित प्रधान ने लगाया नगरिया चौकी इंचार्ज पर मारपीट का आरोप

सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान पीड़ित ने एसपी से लगाई कार्रवाई गुहार। प्रधान की पिटाई के बाद प्रधानों में आक्रोश, ब्लाक प्रमुख संग उठाई कार्रवाई की मांग।

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Jul 18, 2018
Tehssil Diwas
दलित प्रधान ने लगाया नगरिया चौकी इंचार्ज पर मारपीट का आरोप

कासगंज। दरोगा जितेन्द्र सक्सेना एक बार फिर सुर्खियों में है। दरोगा पर एक दलित प्रधान ने बेवजह मारपीट करने का आरोप लगाया है। इस मामले में मंगलवार को ब्लाक प्रमुख सहावर विजेन्द्र सिंह गौर के नेतृत्व में दर्जनों लोगों ने पुलिस कप्तान को प्रार्थना पत्र देकर दरोगा के खिलाफ जांच पड़ताल कर कार्रवाई किए जाने की मांग उठाई है।

एसएसपी से की शिकायत

मामला सोरों थाना क्षेत्र का है। न्यौली गांव के प्रधान मनोज जाटव का आरोप है कि बीते दिन सोमवार की शाम आठ बजे के वक्त नगरिया चौकी इंचार्ज जितेन्द्र सक्सेना ने मनोज जाटव के साथ पहले गाली गलौज की और विरोध करने पर मारपीट कर दी। जिससे गुस्साए सहावर ब्लॉक प्रमुख विजेन्द्र सिंह गौर के नेतृत्व में दर्जनों प्रधानों और क्षेत्र के लोगों ने दबंग चौकी इंचार्ज के जितेन्द्र सक्सेना के खिलाफ जांच पड़ताल कराकर कार्रवाई की मांग उठाई।

एसएसपी ने दिए जांच के आदेश

आपको बतादें कि चौकी इंचार्ज जितेन्द्र सक्सेना दरोगा ट्रेनिंग के दौरान से ही विवादों में हैं। हालांकि इस मामले में पुलिस कप्तान ने दरोगा के खिलाफ जांच पड़ताल कराकर कार्रवाई करने का भरोसा दिलाया है, लेकिन जनप्रतिनिधियों पर लगातार मारपीट और अभद्रता करने वाले दरोगा पर क्या कार्रवाई अमल में लाई जायेगी यह आने वाला समय बतायेगा।इस मौके पर सोरों विकास खंड क्षेत्र के प्रधान लोग मौजूद थे।

2- फरियादी पेंशनर की सम्पूर्ण समाधान दिवस में हृदय गति रूकने से मौत

जिले के पटियाली तहसील सम्पूर्ण समाधान दिवस में फरियाद लेकर पहुंचे एक 65 वर्षीय पेंशनर की हृदय गति रूकने से मौत हो गई। घटना के बाद अधिकारियों में हड़कंप मच गया। परिजन मृतक पेंशनर का शव बिना पुलिस कार्रवाई के घर ले गए। दरअसल 65 वर्षीय कासगंज जनपद के थाना गांव के रहने वाले रामभरोसे पुत्र अयोध्या प्रसाद स्वास्थ्य विभाग से सेवानिवृत हुए थे। सम्पूर्ण समाधान दिवस में अपनी जमीन बंटवारे की शिकायत लेकर आये थे, लेकिन अधिकारियों से मिलने से पूर्व ही वह अचानक जमीन पर गिर गये। जिससे समाधान दिवस में मौजूद अधिकारियां में हड़कंप मच गया और उन्होंने नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र पटियाली में लाया गया था। जहां चिकित्सकों ने रामभरोसे को मृत घोषित कर दिया। बाद में परिजनों ने पुलिस को प्रार्थना पत्र देकर बिना पोस्टमार्टम कराये शव को घर ले गए।

Published on:
18 Jul 2018 05:27 pm